डिजिटल डेस्क। मिरर मीडिया :झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर में स्थित ‘रेशमी इलेक्ट्रॉनिक्स’ दुकान में हुई बड़ी चोरी का पुलिस ने सफल पर्दाफाश कर दिया है। हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश समेत देश के कई राज्यों में सक्रिय रहने वाले कुख्यात ‘शटरकटवा गिरोह’ के तीन सदस्यों को पुलिस ने नेपाल से धर दबोचा है। आरोपियों के पास से चोरी किए गए 21 महंगे स्मार्टफोन भी बरामद किए गए हैं।
क्या था पूरा मामला?
चक्रधरपुर थाना क्षेत्र में स्थित रेशमी इलेक्ट्रॉनिक्स दुकान का शटर उठाकर 5 अक्टूबर 2026 की रात अज्ञात चोरों ने विभिन्न कंपनियों के कुल 52 मोबाइल फोन उड़ा लिए थे। दुकान मालिक की शिकायत पर चक्रधरपुर थाने में भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी सिंहभूम) अमित रेणु के निर्देश पर एक विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया था।
वैज्ञानिक अनुसंधान से खुला राज
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी डॉ. सैयद मुस्तफा हाशमी के नेतृत्व में पुलिस ने वैज्ञानिक तरीकों से साक्ष्य जुटाए। इस दौरान तकनीकी सर्विलांस और फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों की मदद ली गई। जांच में कुल पांच आरोपियों की संलिप्तता सामने आई, जिनमें से पुलिस ने तीन को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है।
गिरफ्तार अपराधियों की पहचान
नितेश पटेल – निवासी घोड़ासहन, जिला मोतिहारी (बिहार)
जितेंद्र साह उर्फ चोना – निवासी रक्सौल, जिला पूर्वी चंपारण (बिहार)
गोविंद चौधरी – निवासी राघोपुर, जिला सुपौल (बिहार)
पुलिस के अनुसार, इन तीनों अपराधियों का पहले से भी आपराधिक इतिहास रहा है।
नेपाल में खपाए जाते थे चोरी के मोबाइल
पूछताछ में यह बात सामने आई है कि यह गिरोह देश के विभिन्न राज्यों में चोरी की वारदातों को अंजाम देने के बाद माल को तुरंत नेपाल ले जाकर बेच देता था। चोरी किए गए मोबाइल फोनों में नेपाल के स्थानीय सिम कार्ड एक्टिव कर दिए जाते थे, जिससे भारतीय पुलिस के लिए इनकी लोकेशन ट्रैक करना एक बड़ी चुनौती बन गया था। यही वजह थी कि यह शातिर गिरोह लंबे समय से पुलिस की पकड़ से दूर था।
दो अन्य आरोपियों की तलाश जारी
इस हाई-प्रोफाइल चोरीकांड में शामिल दो अन्य मुख्य आरोपी— शेराज (घोड़ासहन, मोतिहारी) और संजय सहनी (आठमोहान)—की तलाश में पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही बाकी बचे मोबाइल फोन भी बरामद कर लिए जाएंगे और फरार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस विशेष छापामारी दल में एसडीपीओ डॉ. सैयद मुस्तफा हाशमी के अलावा प्रशिक्षु डीएसपी अमित कुमार, थाना प्रभारी और कई अन्य पुलिस अधिकारी व कर्मी शामिल रहे।

