डिजिटल डेस्क/कोलकाता : पश्चिम बंगाल स्वास्थ्य विभाग की हालिया रिपोर्ट ने चिकित्सा क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। राज्य में गुणवत्ता परीक्षण के दौरान विभिन्न फार्मास्युटिकल कंपनियों की 45 दवाओं के बैच मानक मानकों पर विफल पाए गए हैं। इस सूची में बंगाल की पांच प्रतिष्ठित दवा कंपनियां भी शामिल हैं, जो मामले की गंभीरता को बढ़ाती हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिम बंगाल फार्मास्युटिकल्स द्वारा निर्मित रिंगर्स लैक्टेट सलाइन के एक बैच को असुरक्षित घोषित किया गया है। इसके अलावा, हावड़ा की लाइफ फार्मास्युटिकल्स, जगाछा की डायमंड ड्रग्स और कोलकाता की सनी इंडस्ट्रीज जैसी कंपनियों के इंजेक्शन और ओआरएस घोल भी मानकों को पूरा करने में असमर्थ रहे। स्वास्थ्य विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए इन सभी दवाओं के विशिष्ट बैचों के उपयोग पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है और कंपनियों को बाजार से स्टॉक वापस लेने का आदेश दिया है।

