डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक आहूत की गई।
बैठक में जिले में अवैध खनन, परिवहन व भंडारण की रोकथाम के लिए गठित टास्क फोर्स, अंचल अधिकारी, थाना प्रभारी व संबंधित विभागों द्वारा की गई कार्रवाई की विस्तार से समीक्षा की गई। साथ ही स्वर्णरेखा व खरकई नदी से बालू के अवैध उत्खनन व परिवहन पर रोक लगाने, वन क्षेत्रों में अवैध उत्खनन परिवहन, बिना पंजीकरण संख्या वाले वाहनों की धरपकड़, अतिभारित, ओवरलोडेड वाहनों की जांच और दोषी वाहन मालिकों पर की गई कार्रवाई की समीक्षा की गई।
बैठक में खनन विभाग को विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायत व परिवाद की समीक्षा करते हुए स्वर्णरेखा नदी पर बागूनहातु बारीडीह में नदी के बीच नाव के माध्यम से बालू की अवैध खनन की शिकायत मामले पर संलित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया। हल्दीपोखर रेलवे साइडिंग प्रदूषण मामले पर रेलवे को साइड का बाउंड्री करने और खनिज को ढकने के लिए कार्रवाई कराने का निर्देश प्रदूषण बोर्ड को दिया गया। गुड़ाबान्दा सहित अन्य क्षेत्रों में संचालित बंगला ईट भट्ठा संचालकों को गैर व्यवसायिक उपयोग के लिए 10 हजार तक ईट निर्माण की निर्धारित सीमा का पालन सुनिश्चित करने के लिए सभी अंचल अधिकारियों को संचालकों के साथ बैठक कर संबंधितों को निर्देशित करने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने गत माह अवैध खनन, परिवहन व भंडारण की रोकथाम के लिए गठित टास्क फोर्स, अंचल अधिकारी, थाना प्रभारी व संबंधित विभागों द्वारा की गई कार्रवाई की विस्तार से समीक्षा करते हुए खनन पदाधिकारी को बालू की कालाबाजारी, अवैध स्टॉक की रोकथाम के लिए अभियान चला कर कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने और जब्त लघु खनिजों की नीलामी कराकर राजस्व बढ़ाने का निदेश दिया। साथ हीं सभी बालू डीलरों के स्टॉक यार्ड में अनिवार्य रूप से सीसीटीवी अधिष्ठापन कराकर निगरानी करने और हर उठाव का चलान निर्गत करवाने का निदेश दिया। पुल पुलिया के आस-पास नदियों से बालू उठाव न हो इसके लिए औचक निरीक्षण करने का निदेश दिया। सभी अंचल अधिकारियों तथा थाना प्रभारियों को अपने अपने क्षेत्र में खनन माफियाओं के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने का निदेश दिया। वैध बालू घाटों की नीलामी प्रक्रिया जल्द पुरा करने, जब्त बालू व अन्य खनिजों की नीलामी करने व ग्राम सभा से सहमति प्राप्त करने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि अवैध खनन, परिवहन व भंडारण की रोकथाम के लिए जिला प्रशासन की ओर से चलाए जा रहे सघन अभियान को निरंतर जारी रखा जाए। उन्होंने कहा कि इस कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी व्यक्तियों, संचालकों व वाहन मालिकों के विरुद्ध नियमों के अनुरूप कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।उन्होंने सभी संबंधित विभागों खनन, पुलिस, वन, परिवहन व प्रदूषण नियंत्रण को आपसी तालमेल और त्वरित सूचना आदान-प्रदान के साथ अभियान चलाने के निर्देश दिए, ताकि खनिज संपदा की सुरक्षा, राजस्व वृद्धि व पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।
जनहित और राज्यहित में खनन गतिविधियों को पूरी तरह कानून के दायरे में संचालित करना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है और इसके लिए प्रशासन हर स्तर पर सख्त रुख अपनाएगा। बैठक में उपायुक्त के अलावे वन प्रमंडल पदाधिकारी शब्बा आलम अंसारी, एसपी ग्रामीण ऋषभ गर्ग, रेल एसपी अजीत कुमार, एसडीएम धालभूम अर्णव मिश्रा, डीटीओ धनंजय, एसडीओ घाटशिला सुनील चंद्र, डीएसपी ट्रैफिक, डीएसपी हेडक्वार्टर, डीएमओ सतीश नायक समेत अन्य संबंधित विभागीय पदाधिकारी बैठक में उपस्थित रहे। वहीं अंचलाधिकारी और थाना प्रभारी वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल हुए।

