डिजिटल डेस्क। मिरर मीडिया : आम जनता की समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। इसी कड़ी में समाहरणालय में आयोजित जन शिकायत निवारण दिवस के दौरान एक बार फिर से लोगों की उम्मीदें परवान चढ़ी। उपायुक्त राजीव रंजन ने खुद कमान संभालते हुए जिले के विभिन्न दूर-दराज क्षेत्रों से आए नागरिकों की समस्याएं एक-एक कर ध्यान से सुनी।
इस दौरान शिविर में भूमि विवाद, सड़क निर्माण, अतिक्रमण, पेंशन और जन्म प्रमाण पत्र से जुड़े मामलों का अंबार लग गया। उपायुक्त ने संवेदनशीलता दिखाते हुए कई मामलों का ऑन द स्पॉट समाधान कर दिया, जिससे फरियादी राहत की सांस लेते नजर आए।
इन प्रमुख समस्याओं पर रहा फोकस
जनता दरबार में व्यक्तिगत और जनहित से जुड़े कई गंभीर मुद्दे सामने आए, जिनमें मुख्य रूप से शामिल रहे।
भूमि और अतिक्रमण: जमीन मापी, भूमि विवाद और सरकारी जमीन पर अतिक्रमण से जुड़ी शिकायतें।
बुनियादी सुविधाएं: जर्जर बिजली पोल हटाने, स्ट्रीट लाइट लगवाने और सड़क निर्माण की मांग।
दस्तावेज व कल्याणकारी योजनाएं: जन्म प्रमाण पत्र में नाम संशोधन, दुर्घटना सहायता, पेंशन और आर्म्स लाइसेंस के आवेदन।
अन्य मामले: घरेलू विवाद और पैसों के लेनदेन से जुड़े आपसी मतभेद।
‘समयबद्ध और पारदर्शी हो कार्रवाई’ – उपायुक्त
फरियादियों की समस्याएं सुनने के बाद उपायुक्त राजीव रंजन ने संबंधित विभागों के सभी अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी प्राप्त आवेदनों की गंभीरता से जांच करते हुए एक निश्चित समय सीमा के भीतर उनका निष्पादन सुनिश्चित किया जाए, ताकि आम जनता को बेवजह कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें।
प्रशासन की इस सीधी और पारदर्शी पहल से एक बार फिर यह साबित हुआ है कि जिला प्रशासन जनता की समस्याओं के प्रति कितना गंभीर है। इस आयोजन से आम नागरिकों में अपनी शिकायतों के समाधान को लेकर एक नया विश्वास जागा है।

