डिजिटल डेस्क।जमशेदपुर:दुर्गा पूजा को लेकर शहर में उत्साह का माहौल है, वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन ने सुरक्षा और शांति व्यवस्था को ताक पर रखने वालों के खिलाफ सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। शहरवासियों और पूजा कमेटियों के लिए जिला पुलिस ने एक सख्त एसओपी जारी की है, ताकि उत्सव के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या हुड़दंग से बचा जा सके।
प्रशासन के कड़े तेवर: क्या है पाबंदियां?
डिजिटल और सोशल प्लेटफॉर्म्स पर वायरल हो रही प्रशासनिक गाइडलाइंस के मुताबिक, इस बार नियमों का उल्लंघन करने वालों पर प्रशासन की कड़ी नजर रहेगी।
लाइसेंस अनिवार्य: बिना आधिकारिक लाइसेंस के किसी भी प्रकार का जुलूस या शोभायात्रा निकालने पर पूरी तरह रोक रहेगी।
डीजे पर बैन: उत्सव के दौरान डीजे के इस्तेमाल पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। लाउडस्पीकर का इस्तेमाल भी तय मानकों और सीमित आवाज में ही करना होगा।
हथियारों और भड़काऊ नारों पर रोक: जुलूस में किसी भी तरह के हथियार का प्रदर्शन या धार्मिक उन्माद फैलाने वाले आपत्तिजनक नारे पूरी तरह प्रतिबंधित हैं।
चंदा वसूली और ट्रैफिक नियम: राहगीरों से जबरन चंदा वसूलने वालों पर कार्रवाई होगी। साथ ही, यातायात नियमों की अनदेखी और अस्पतालों या शैक्षणिक संस्थानों के पास शोर-शराबा करने पर भी सख्त मनाही है।
पूजा कमेटियों और आम नागरिकों के लिए जरूरी निर्देश
त्योहार शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो, इसके लिए प्रशासन ने स्पष्ट दिशानिर्देश जारी किए हैं।
सुरक्षा के इंतजाम: सभी पूजा पंडालों में सीसीटीवी कैमरे लगाना, अग्निशमन यंत्र और प्राथमिक उपचार की व्यवस्था अनिवार्य कर दी गई है।
सौहार्द की अपील: एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब ने शहरवासियों से अपील की है कि पर्व को आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाएं। किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि या परेशानी की सूचना तुरंत पुलिस को दें।

