Bihar: मुंगेर से भीमबांध के लिए बस सेवा शुरू, कभी नक्सल प्रभावित रहे इलाके ने पकड़ी विकास की रफ्तार

Neelam
By Neelam
2 Min Read

कभी नक्सलियों का गढ़ माने जाने वाले भीम बांध में अब विकास ने रफ्तार पकड़ ली है। बिहार के मुंगेर जिले के भीम बांध जंगल क्षेत्र कबी नक्सलियों का गढ़ माना जाता था। जहां कभी आम लोगों की आवाजाही भी खतरे से खाली नहीं मानी जाती थी। अब लोगों की वहां तक पहुंच आसान हो गई है। वहां पहली बार बस सेवा की शुरुआत हो गई है।

मुंगेर परिवहन विभाग और जिला प्रशासन की इस पहल से जंगलों और पहाड़ी इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों को अब सीधे मुख्यालय तक पहुंचने की सुविधा मिल सकेगी। पढ़ाई से लेकर रोजमर्रा के कामों के लिए अब उन्हें पैदल लंबा सफर तय नहीं करना पड़ेगा।

नक्सल विरोधी अभियान के बाद बदले हालात

मुंगेर जिला अंतर्गत खड़गपुर अनुमंडल क्षेत्र का भीम बांध जंगल लंबे समय तक नक्सल प्रभाव में रहा। नक्सली गतिविधियों के कारण यह क्षेत्र मुख्यालय और विकास से कोसों दूर था। लेकिन बिहार सरकार द्वारा लगातार चलाए गए नक्सल विरोधी अभियानों, युवाओं को मुख्यधारा में लाने की योजनाओं, आदिवासी-जनजातीय गांवों में विकास कार्य, सड़क नेटवर्क का विस्तार और जंगलों में पुलिस कैंप की स्थापना से हालात पूरी तरह बदल गए। नतीजा यह हुआ कि नक्सलियों के पांव उखड़ते चले गए और आज स्थिति यह है कि एक-दो को छोड़कर इस इलाके में नक्सली नाममात्र भी नहीं बचे हैं।

मुख्यधारा से लगभग कट गया था ये इलाका

नक्सली गतिविधियों के कारण यह पूरा इलाका विकास की मुख्यधारा से लगभग कट गया था। सुदूर जंगल और पहाड़ी इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों को इलाज, प्रशासनिक कार्य या अन्य जरूरी कामों के लिए 10 से 15 किलोमीटर पैदल चलकर जमुई-खड़गपुर मुख्य मार्ग तक पहुंचना पड़ता था। अब बस सेवा शुरू हो जाने से लोगों को काफी सहुलियत होने वाली है।

Share This Article