पांडवेश्वर। खुटाडीह कोलियरी क्षेत्र में ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ECL) द्वारा जारी क्वार्टर खाली करने और “सत्यापन” नोटिस को लेकर इलाके में सियासी तापमान तेज हो गया है। चुनावी जनसंपर्क के दौरान भाजपा प्रत्याशी जितेंद्र तिवारी मौके पर पहुंचे और नोटिस का कड़ा विरोध करते हुए नाराजगी जताई।
स्थानीय लोगों की शिकायतों के बीच तिवारी ने मौके पर ही नोटिस फाड़ दिए, जिसे ECL की कार्रवाई के खिलाफ सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने कोलियरी एजेंट को फोन कर विरोध दर्ज कराया और आरोप लगाया कि यह कार्रवाई नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती के इशारे पर राजनीतिक दबाव में की जा रही है। तिवारी ने कहा कि पहले उन प्रभावशाली लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए, जो खुद ECL की जमीन पर रह रहे हैं।
तिवारी ने आम लोगों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि किसी को डरने की जरूरत नहीं है। “अगर कोई जबरन हटाने आए तो तुरंत सूचना दें, मैं खुद मौके पर पहुंचूंगा।” उन्होंने यह भी वादा किया कि नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा सरकार बनने पर लोगों को क्वार्टर का वैध लीज अधिकार दिलाया जाएगा।
वहीं, टीएमसी प्रत्याशी और मौजूदा विधायक नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे भाजपा का “राजनीतिक ड्रामा” बताया। उन्होंने कहा कि ECL एक केंद्रीय कंपनी है और टीएमसी पहले भी ऐसे नोटिसों का विरोध करती रही है। चक्रवर्ती ने आश्वासन दिया कि राज्य में किसी को बेघर नहीं होने दिया जाएगा।

