डिजिटल डेस्क। मिरर मीडिया:दिल्ली और उत्तर भारत से मानसून पूरी तरह से विदा हो चुका है। अब ठंड का इंतजार शुरू हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले एक सप्ताह तक दिन के तापमान में कोई खास गिरावट देखने को नहीं मिलेगी, जबकि रात के तापमान में हल्की कमी आ सकती है। एक सप्ताह के बाद ठंड कभी भी दस्तक दे सकती है।
तापमान में गिरावट की भविष्यवाणी
भारत मौसम विभाग (IMD) और निजी मौसम एजेंसी स्काईमेट दोनों का अनुमान है कि 21-22 अक्टूबर के बाद दिन के तापमान में गिरावट शुरू हो जाएगी। उत्तर भारत में ठंड की शुरुआत आमतौर पर नवंबर के पहले सप्ताह से होती है, लेकिन तापमान में गिरावट अक्टूबर के दूसरे सप्ताह से ही देखने को मिलने लगती है।
दक्षिण भारत में बनेगा निम्न दबाव का क्षेत्र
IMD के महानिदेशक डॉ. मृत्युंजय महापात्रा ने बताया कि अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में बनने वाले निम्न दबाव के क्षेत्र का उत्तर भारत पर कोई असर नहीं होगा। यह प्रभाव सिर्फ तटीय क्षेत्रों और दक्षिण के कुछ राज्यों में बारिश के रूप में देखा जाएगा। उत्तरी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्से भी प्रभावित हो सकते हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश, बिहार और उत्तर भारत के अन्य राज्यों पर इसका विशेष प्रभाव नहीं पड़ेगा।
अरब सागर में सर्कुलेशन और डीप डिप्रेशन
अरब सागर में पहले ही एक सर्कुलेशन बन चुका है, जो रविवार तक डीप डिप्रेशन में बदल सकता है। हालांकि इसका भारत पर कोई खतरा नहीं है, क्योंकि इसकी दिशा ओमान की ओर है। वहीं, बंगाल की खाड़ी में भी एक निम्न दबाव का क्षेत्र बना है, जो अगले कुछ घंटों में चक्रवात में बदल सकता है। इसका असर आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु पर अधिक होगा।
मानसून की वापसी की स्थिति
सामान्य रूप से 17 अक्टूबर तक मानसून की पूरी तरह से वापसी का अनुमान है। हालांकि, बंगाल की खाड़ी में एक तीसरे निम्न दबाव के क्षेत्र के बनने की संभावना है, जिससे मौसम में अगले सप्ताह के मध्य तक तेज गतिविधियां हो सकती हैं। शुक्रवार को मानसून उत्तर प्रदेश से पूरी तरह से जा चुका है और शनिवार तक यह आधा बिहार और छत्तीसगढ़ से भी विदा हो जाएगा।