घरेलू गैस (LPG) उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ी खबर आई है। गैस कंपनियों ने सिलेंडर बुकिंग से जुड़े नियमों में अहम बदलाव करते हुए बुकिंग गैप बढ़ा दिया है। सरकार का कहना है कि इस फैसले का उद्देश्य कालाबाजारी पर रोक लगाना और वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाना है।
अब 35 दिन बाद मिलेगा दूसरा सिलिंडर
रसोई गैस सिलिंडर के बुकिंग अंतराल में तेल कंपनियों ने मंगलवार को बड़ा बदलाव किया है। नई व्यवस्था के तहत अब उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों और सामान्य उपभोक्ताओं के लिए रिफिल बुकिंग की समय सीमा अलग-अलग तय कर दी गई है। इसके तहत अब ऐसे घरों को 35 दिन बाद गैस सिलेंडर मिलेगा जहां पहले से दो सिलेंडर हैं। इसी तरह उज्जवला योजना वाले उपभोक्ताओं को 45 दिन के गैप पर सिलेंडर का नियम आ गया है। यानी अब उपभोक्ताओं को अगली बुकिंग के लिए पहले से ज्यादा इंतजार करना होगा।
एक सिलेंडर वालों के लिए नियम पहले जैसे
हालांकि, एक सिलेंडर वालों के लिए नियम पहले जैसे ही रहेगा। यानी उन्हें 25 दिन के गैप पर सिलेंडर मिलेगा। सभी एजेंसियों पर इस बाबत सूचना आ गई है। इसमें कहा गया है कि अब जिनके पास एक सिलेंडर है, सिर्फ उन्हें 25 दिन बाद सिलेंडर मिलेगा।
समय सीमा पिछली डिलीवरी की तारीख से गिनी जाएगी
सबसे जरुरी बात यह है कि यह समय सीमा पिछली डिलीवरी की तारीख से गिनी जाएगी, न कि बुकिंग की तारीख से। अगर कोई उपभोक्ता तय समय से पहले बुकिंग करने की कोशिश करता है, तो सिस्टम उसकी बुकिंग को खुद ब्लॉक कर देगा।
केंद्र सरकार कह रही पर्याप्त स्टॉक
नियमों में इन बदलाव की खबर ऐसे समय में आई है जब केंद्र सरकार ने मंगलवार को कहा कि भारत के पास पेट्रोल, डीजल और एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक है। होर्मुज स्ट्रेट की स्थिति से जुड़ी रुकावटों के बावजूद सभी रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही हैं। ईंधन की उपलब्धता पर एक अपडेट देते हुए पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया था कि पूरे देश में पेट्रोल पंप पूरी तरह से काम कर रहे हैं। हालांकि अफवाहों के कारण घबराहट में की गई खरीदारी से कुछ इलाकों में बिक्री सामान्य से ज्यादा हो गई थी। उन्होंने नागरिकों से अपील कि वे जमाखोरी न करें और केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें।

