डिजिटल डेस्क। रांची:झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार के दूसरे कार्यकाल का आज एक वर्ष पूरा होने पर मुख्यमंत्री ने राज्य स्तरीय नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में 8,792 सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि अड़ंगे लगाने और कोर्ट-कचहरी के जरिए बाधा डालने की हर कोशिश के बावजूद सरकार ने हजारों युवाओं को सरकारी नौकरी दी है और आगे भी देती रहेगी।
मुख्य बिंदु :
- कुल 8,792 नियुक्ति पत्र वितरित, जिनमें 8,291 सहायक आचार्य शामिल।
- नक्सल मुठभेड़ में शहीद एवं मृत पुलिसकर्मियों के 22 आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति (7 बाल आरक्षी + 15 सामान्य आरक्षी)।
- राज्य सरकार ने कुल 84 शहीद/मृत पुलिसकर्मियों के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नौकरी दी।
महिलाओं का उल्लेखनीय प्रतिनिधित्व
- सहायक आचार्य पदों पर नियुक्त अभ्यर्थियों में 40% महिलाएं।
- JPSC सिविल सेवा परीक्षा से चयनित पदाधिकारियों में 30% महिलाएं।
- मुख्यमंत्री ने बताया कि कई महिला अभ्यर्थियों ने “मंइयां सम्मान योजना” से मिलने वाली मासिक राशि से कोचिंग कर परीक्षा पास की।
एक नियुक्ति पत्र से 5 परिवारों का भविष्य
मुख्यमंत्री ने कहा, ‘एक व्यक्ति को नौकरी मिलने से कम से कम 5 परिवार के सदस्यों यानी करीब 50 हजार लोगों का जीवन में सकारात्मक बदलाव आता है।’ उन्होंने नवनियुक्त शिक्षकों व अधिकारियों से अपील की कि वे अपने कार्यक्षेत्र के कम से कम एक युवा को इतना सक्षम बनाएँ कि वह भी अधिकारी या शिक्षक बन सके।
एक साल में शिक्षा-स्वास्थ्य के क्षेत्र में बड़े कदम
- 80 उत्कृष्ट विद्यालय शुरू
- 10 नए डिग्री कॉलेज
- 8 नर्सिंग कॉलेज
- 6 मेडिकल कॉलेज
- 6 इंजीनियरिंग कॉलेज की स्थापना
मुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्ष ने नियुक्ति प्रक्रिया पर 50-50 सवाल उठाए, अफवाहें फैलाई। झूठे आरोप लगाए और कोर्ट के जरिए अड़ंगे लगाने की कोशिश की, फिर भी सरकार ने युवाओं के भविष्य को प्राथमिकता दी। आगामी समय में भी हजारों पदों पर नियुक्तियाँ जारी रहेंगी।
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा, ‘झारखंड की जनता के भरोसे पर खरा उतरना और राज्य को विकसित बनाने का संकल्प हमारी सरकार का मूल मंत्र है। हर बहन को मंइयां सम्मान राशि बिना रुके मिल रही है, शिक्षा-स्वास्थ्य और आधारभूत ढांचे मजबूत हो रहे हैं तथा युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खुल रहे हैं।’

