मिडिल ईस्ट में जारी संकट के बीच पेट्रोलियम कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी की है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, 20 मार्च 2026 से प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में दो रुपये से लेकर 2.3 रुपये प्रति लीटर तक का इजाफा किया गया है। हालांकि, सामान्य पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है और वे पहले की दरों पर ही बिक रहे हैं।
आज रात से लागू होगी नई दरें
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण तेल और गैस की सप्लाई पर संकट गहरा होता जा रहा है। पहले जनता एलपीजी सिलेंडर के संकट से जूझ रहे थी और अब पेट्रोल की कीमतों पर भी झटका लगा है। देश की बड़ी तेल कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें बढ़ा दी हैं। ये बढ़ी हुई दरें 20 मार्च की रात से लागू कर दिए जाएंगे।
प्रीमियम पेट्रोल की कीमत में 2.09 प्रति लीटर की बढ़ोतरी
20 मार्च 2026 से ‘स्पीड/पावर’ प्रीमियम पेट्रोल की कीमत में ₹2.09 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है। पहले इसकी कीमत ₹111.68 प्रति लीटर थी, जिसे अब बढ़ाकर ₹113.77 प्रति लीटर कर दिया गया है। इसके अलावा IOC ने इंडस्ट्रियल डीजल की कीमत भी बढ़ा दी है। अब कीमत 87.67 रुपये प्रति लीटर से बढ़ाकर 109.59 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है।
किन ब्रांड्स पर पड़ा है असर?
इस ताजा मूल्य वृद्धि का सीधा असर प्रमुख तेल कंपनियों के ब्रांडेड ईंधनों पर देखने को मिला है। इनमें हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचसीएल) का ‘पावर पेट्रोल’ और इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) का ‘एक्सपी95’ शामिल हैं, जिनकी खुदरा कीमतों में तत्काल प्रभाव से संशोधन किया गया है। उल्लेखनीय है कि प्रीमियम पेट्रोल का उपयोग मुख्य रूप से वाहनों में बेहतर इंजन परफॉरमेंस और अधिक माइलेज प्राप्त करने के उद्देश्य से किया जाता है।
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का प्रभाव
ईरान और अमेरिका/इजरायल ने एकदूसरे के एनर्जी इन्फ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाया है। इससे कच्चे तेल की कीमत में तेजी आई है। गुरुवार को कच्चा तेल एक समय 116 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया था। हालांकि बाद में उसमें कुछ नरमी आई। आज ब्रेंट क्रूड 1.19 फीसदी तेजी के साथ 109.9 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा है। ईरान युद्ध के कारण होर्मुज की खाड़ी से जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है। इस कारण कच्चा तेल महंगा हुआ है। दुनिया का 20 फीसदी तेल और गैस इसी रास्ते से आता है।

