डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर: पश्चिम बंगाल की सियासत में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। कड़क मिजाज और इंटेलिजेंस बैकग्राउंड वाले पूर्व आईपीएस अधिकारी रवींद्र नारायण रवि ने गुरुवार को बंगाल के 24वें राज्यपाल के रूप में शपथ ले ली। कलकत्ता हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सुजय पाल ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। दिलचस्प बात यह रही कि रवि ने हिंदी में शपथ ली। इस मौके पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी तो मौजूद रहीं, लेकिन नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी की गैरमौजूदगी ने चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया।
‘मोहब्बत’ की नसीहत और टालने वाला टकराव
शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नए राज्यपाल को बधाई दी, लेकिन साथ ही एक ‘सॉफ्ट वार्निंग’ वाला अंदाज भी दिखाया। उन्होंने कहा, ‘बंगाल उससे ही मोहब्बत करता है, जो बंगाल से मोहब्बत करता है।’ ममता का यह बयान उस पुराने इतिहास की ओर इशारा है, जहां बंगाल के राज्यपालों (जैसे जगदीप धनखड़) के साथ उनके रिश्ते बेहद तल्ख रहे हैं।
कौन हैं आर.एन. रवि?
जन्म: 3 अप्रैल 1952, पटना (बिहार)।
शिक्षा: भौतिकी (Physics) में मास्टर्स।
करियर: 1976 बैच के केरल कैडर के IPS अधिकारी।
अनुभव: इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के पूर्व विशेष निदेशक, डिप्टी NSA और नगा शांति समझौते के मुख्य सूत्रधार।
पिछला ट्रैक रिकॉर्ड: नगालैंड और तमिलनाडु के राज्यपाल रह चुके हैं।
तमिलनाडु में ‘स्टालिन’ से टकराए, अब बंगाल की बारी?
आर.एन. रवि का नाम आते ही तमिलनाडु का वह विवाद याद आता है, जहां मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन के साथ उनका ’36 का आंकड़ा’ रहा। स्टालिन सरकार ने उन पर बिल रोकने और तानाशाही करने के आरोप लगाए थे। मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा और विधानसभा में उनके खिलाफ प्रस्ताव तक पास हुआ।
अब बंगाल में उनकी नियुक्ति को केंद्र सरकार का ‘मास्टरस्ट्रोक’ माना जा रहा है। चुनाव से ठीक पहले एक ऐसे व्यक्ति को राजभवन भेजना, जो आंतरिक सुरक्षा का विशेषज्ञ हो और जिससे टकराना आसान न हो, ममता बनर्जी के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है।
क्यों अहम है यह नियुक्ति?
इंटेलिजेंस एक्सपर्ट: रवि को जम्मू-कश्मीर और पूर्वोत्तर के विद्रोही मामलों का गहरा अनुभव है।
चुनावी टाइमिंग: विधानसभा चुनाव से ठीक पहले उनकी एंट्री बंगाल की कानून-व्यवस्था पर राजभवन की पैनी नजर की ओर इशारा करती है।
कड़क स्वभाव: रवि नियमों के पक्के माने जाते हैं, जिससे राज्य सरकार के साथ टकराव की आशंका बढ़ गई है।

