Bihar: विजय सिन्हा के आवास पर दही-चूड़ा भोज में जुटे दिग्गज, तेज प्रताप की मौजूदगी रही खास

Reena Sharma
3 Min Read

मकर संक्रांति के अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा के आवास पर दही–चूड़ा भोज का आयोजन हुआ। इस “सियासी भोज” में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी समेत राज्य सरकार के कई मंत्री भी मौजूद थे। इस भोज में आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव भी शामिल हुए। इस भोज में सत्ता और सियासत का अनोखा संगम दिखा।

मकर संक्रांति का बिहार की राजनीति में विशेष महत्व है। बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा के आवास पर आयोजित चूड़ा-दही भोज भी सियासी रूप से अलग रहा। खास बात यह रही कि लालू परिवार से अलग होकर अपनी पार्टी और पहचान बनाने में जुटे तेज प्रताप यादव भी डिप्टी सीएम के आवास पर पहुंचे और दही चूड़ा भोज में शामिल हुए। लालू के बड़े बेटे तेज प्रताप की मौजूदगी को राजनीतिक गलियारों में खास नजरिए से देखा जा रहा है।

तेजप्रताप को एनडीए में शामिल होने का ऑफर

Advertisement

दरअसल, भोज के दौरान केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी के बेटे और हम पार्टी के नेता संतोष सुमन ने बड़ा बयान दे दिया। उन्होंने तेजप्रताप यादव को खुले तौर पर एनडीए में शामिल होने का ऑफर दे दिया। संतोष सुमन ने कहा कि अगर तेजप्रताप हमारे साथ आते हैं, तो उनका स्वागत है।

भाजपा में शामिल होने के सवाल पर क्या बोले तेज प्रताप

भोज में शामिल होने के बाद मीडिया से बातचीत में तेज प्रताप यादव ने कहा कि मकर संक्रांति के भोज का अपना अलग महत्व होता है और इस दिन कुछ नया जरूर होता है। उन्होंने कहा, “मैं अपना धर्म निभाने आया हूं। मकर संक्रांति का भोज परंपरा का हिस्सा है और मैं घूमते-फिरते रहता हूं।” भाजपा में शामिल होने की अटकलों पर तेज प्रताप यादव ने सीधा इनकार तो नहीं किया, लेकिन सवाल को टालते हुए मुस्कुराकर जवाब दिया। उन्होंने कहा, “अगर भाजपा में शामिल होने की बात होगी तो मीडिया को सबसे पहले मैं ही सूचित करूंगा। अभी यह बात क्यों बताऊं?”

छोटे भाई तेजस्वी यादव को देंगे न्योता

वहीं, तेज प्रताप यादव ने यह भी साफ किया कि वह खुद मकर संक्रांति के अवसर पर चूड़ा-दही भोज का आयोजन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज ही वह अपने छोटे भाई तेजस्वी यादव को व्यक्तिगत रूप से भोज का निमंत्रण देने जाएंगे। तेज प्रताप ने कहा, “मेरे मकर संक्रांति के भोज में सभी लोग आएंगे।” उनके इस बयान से यह संकेत भी मिला कि वे राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर सभी को साथ लाने की कोशिश कर रहे हैं।

Share This Article