हजारीबाग। विनोबा भावे विश्वविद्यालय (विभावि), हजारीबाग में सात वर्षों से लंबित छात्र संघ चुनाव समेत विभिन्न छात्र समस्याओं को लेकर एनएसयूआइ की हजारीबाग इकाई ने आंदोलन तेज कर दिया है। संगठन ने 21 सूत्री मांगों के समर्थन में विश्वविद्यालय परिसर में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है।
19 जनवरी से जिलाध्यक्ष अभिषेक राज कुशवाहा के नेतृत्व में छात्र विवि परिसर में धरने पर बैठे हुए हैं। एनएसयूआइ ने विश्वविद्यालय प्रशासन के समक्ष छात्रों से जुड़ी 21 अहम मांगें रखी हैं, जिनमें अविलंब छात्र संघ चुनाव की घोषणा प्रमुख है।
ये हैं एनएसयूआइ की प्रमुख मांगें
मांगों में छात्र संघ चुनाव कराने के साथ-साथ सत्र को नियमित करना, बंद ब्वायज हॉस्टल को पुनः चालू करना, शिक्षकों की कमी दूर करना, पीएचडी प्रवेश परीक्षा की तिथि घोषित करना, शोधार्थियों के शोषण पर रोक, बंद जिम व खेल गतिविधियों को बहाल करना, कैंटीन व्यवस्था में सुधार, सेल्फ फाइनेंस विभागों में शिक्षकों की नियुक्ति, प्लेसमेंट सेल को सक्रिय करना तथा सुरक्षा एजेंसी को हटाना शामिल है।
छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का सवाल
भूख हड़ताल पर बैठे अभिषेक राज कुशवाहा ने कहा कि छात्र संघ चुनाव छात्रों का लोकतांत्रिक अधिकार है और यह नेतृत्व विकास की पहली सीढ़ी है, लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन लगातार इसे टाल रहा है, जो छात्रों के अधिकारों का सीधा हनन है।
वार्ता विफल, आंदोलन जारी
सोमवार देर शाम छात्र कल्याण संकाय अध्यक्ष विकास कुमार ने छात्रों से वार्ता कर भूख हड़ताल समाप्त कराने का प्रयास किया, लेकिन कोई ठोस सहमति नहीं बन सकी। छात्रों ने साफ कहा कि जब तक छात्र संघ चुनाव की घोषणा नहीं होती और सभी मांगें पूरी नहीं की जातीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
बड़े पैमाने पर छात्रों का समर्थन
भूख हड़ताल में राजेश कुमार सहित कई छात्र शामिल हैं, वहीं लवकुश पांडेय, आदर्श आनंद, गुलाम सरवर, जयवर्धन कुशवाहा, सिद्धार्थ मेहता, सतीश, आर्यन, समीर, गोलू पासवान, युवराज संकेत सहित बड़ी संख्या में छात्र समर्थन में मौजूद रहे।

