डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर: देश की आजादी के लिए हंसते-हंसते फांसी के फंदे को चूमने वाले महान क्रांतिकारी भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को आज शहीद दिवस के अवसर पर लौहनगरी जमशेदपुर में भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। बारीडीह गोलचक्कर पर नागरिक सुरक्षा अधिकार समिति द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में देशभक्ति का जज्बा देखने को मिला।
अखंड भारत का सपना और वर्तमान पीढ़ी
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित शहर के प्रतिष्ठित उद्योगपति शिखर डे ने शहीदों को नमन करते हुए एक भावुक बात कही। उन्होंने कहा कि आज हमें इस बात का गहरा दुख होता है कि जिन वीरों ने देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया, उनके घर (जन्मस्थान) अब पाकिस्तान के हिस्से में चले गए हैं। उन सभी क्रांतिकारियों का सपना एक ‘अखंड भारत’ का था। उन्होंने आज की युवा पीढ़ी को लेकर अपनी चिंता भी व्यक्त की। श्री डे ने कहा कि वर्तमान पीढ़ी शहीदों के बताए मार्ग से भटक रही है। हमें देश के विकास में अपना पूर्ण योगदान देकर उन वीर सपूतों के सपनों को साकार करना चाहिए।
साल भर चलेगा शहीदों की याद में विशेष अभियान
नागरिक सुरक्षा अधिकार समिति के अध्यक्ष विनोद कुमार ने इस अवसर पर एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने बताया कि समिति केवल एक दिन नहीं, बल्कि इस वर्ष प्रत्येक महीने शहर के अलग-अलग स्थानों पर विभिन्न शहीदों की स्मृति में कार्यक्रम आयोजित करेगी।
समिति का मुख्य उद्देश्य
आज के युवाओं को महान क्रांतिकारियों के जीवन और संघर्ष से परिचित कराना है। समाज में देशभक्ति की भावना को पुनर्जीवित करना। शहीदों के आदर्शो को जन-जन तक पहुंचाना। इस कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे, जिन्होंने बारीडीह गोलचक्कर पर शहीदों की प्रतिमा और तस्वीरों पर पुष्प अर्पित कर अपनी श्रद्धांजलि दी।

