पलामू। उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत की अध्यक्षता में जल जीवन मिशन 2.0 एवं स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण 2.0 की समीक्षा बैठक हुई। इसमें योजनाओं की प्रगति, पेयजल आपूर्ति, घरेलू नल कनेक्शन, शौचालय निर्माण और लंबित कार्यों की स्थिति का जायजा लिया गया।
उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों एवं संवेदकों को काम में तेजी लाकर निर्धारित समय-सीमा में योजनाएं पूरी करने का निर्देश दिया।
FHTC की धीमी प्रगति पर जताई नाराजगी
जल जीवन मिशन के तहत घरेलू नल कनेक्शन की प्रगति असंतोषजनक मिलने पर उपायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने लापरवाही बरतने वाले संवेदकों से स्पष्टीकरण लेकर नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया। बैठक में बताया गया कि अपेक्षित प्रगति नहीं करने वाले तीन संवेदकों के इकरारनामे विखंडित किए जा चुके हैं।
बाधाएं दूर कर अधूरी योजनाएं जल्द पूरी करें
अतिक्रमण के कारण बाधित योजनाओं को पूरा कराने के लिए उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को अनुमंडल पदाधिकारी के साथ समन्वय स्थापित कर समस्या का समाधान करने को कहा। उन्होंने पूर्ण योजनाओं का ट्रायल कराने और सफल होने पर ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति को हस्तांतरित करने का निर्देश दिया। साथ ही जलकर संग्रहण के लिए क्यूआर कोड प्रदर्शित कराने और ग्रामीणों को भुगतान के प्रति जागरूक करने को कहा।
जल गुणवत्ता जांच और गांवों के सत्यापन पर जोर
उपायुक्त ने सभी प्राथमिक जल स्रोतों की नियमित जल गुणवत्ता जांच कराने तथा कमी मिलने पर सुधारात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया। मॉडल मार्क्ड विलेज की MIS पोर्टल पर प्रविष्टि और प्रथम एवं द्वितीय स्तर का सत्यापन शत-प्रतिशत पूरा करने को भी कहा। अधिकारियों को इस कार्य को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया गया।
शौचालय से वंचित परिवारों की पहचान करें
स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण 2.0 के तहत उपायुक्त ने सभी प्रखंड विकास पदाधिकारियों को क्षेत्र भ्रमण कर छूटे हुए परिवारों और पात्र लाभुकों की पहचान करने को कहा। जिनके घरों में व्यक्तिगत घरेलू शौचालय नहीं बने हैं या MIS पोर्टल पर प्रविष्टि नहीं हुई है, उनकी जानकारी दर्ज कर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
विश्रामपुर, लेस्लीगंज और पिपरा में वेस्ट टू आर्ट पार्क निर्माण के लिए भूमि संबंधी NOC जल्द उपलब्ध कराने को भी कहा गया।
मल्टी विलेज स्कीम की कार्ययोजना तय समय पर सौंपें
उपायुक्त ने कनीय अभियंताओं को मल्टी विलेज स्कीम की अद्यतन प्रगति और आगामी एक माह की कार्ययोजना 3 नवंबर तक कार्यपालक अभियंता को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। कार्यपालक अभियंता को समेकित कार्ययोजना 5 नवंबर तक उपायुक्त के समक्ष प्रस्तुत करनी होगी।
उन्होंने कहा कि नियमित पेयजल आपूर्ति और गुणवत्तापूर्ण पानी उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है। सभी अधिकारी आपसी समन्वय से लंबित कार्यों को समय-सीमा में पूरा करें और योजनाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित करें।

