बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद राष्ट्रीय लोक मोर्चा (आरएलएम) में उठापटक की चर्चाएं जारी है। इस बीच राष्ट्रीय लोक मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद उपेंद्र कुशवाहा ने प्रेस वार्ता कर दल-बदल और राजनीतिक उठापटक पर बेबाक टिप्पणी की।

किसी पार्टी में टूट उनका आंतरिक मामला
उपेंद्र कुशवाहा ने पटना स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि किसी पार्टी में टूट हो रही है या नहीं, यह उस दल का आंतरिक मामला है। लेकिन जो व्यक्ति या नेता टूटकर कहीं और जाता है, वह उसका निजी और राजनीतिक निर्णय होता है।
नितिन नवीन के भोज में दिखे आरएलएम के 3 विधायक
दरअसल, उपेंद्र कुशवाहा की पार्टी आरएलएम के विधायक भारतीय जनता पार्टी के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के चूड़ा दही भोज में शामिल हुए। आरएलएम के लिट्टी चोखा पार्टी में ये तीनों नहीं गए थे। इसको लेकर इस बात की चर्चा तेज हो गई कि बिहार की राजनीति में चूड़ा दही भोज के बाद खिचड़ी पकना शुरू हो गया है।
जदयू के पूर्व प्रदेश सचिव कई नेता आरएलएम में शामिल
वहीं, आरएलएम प्रमुख ने रालोमो में शामिल होने वाले लोगों को लेकर भी बड़ी टिप्पणी की । कुशवाहा ने कहा, जबरन या प्रलोभन देकर किसी को भी पार्टी में नहीं लाया जा रहा है। पार्टी में जो भी आ रहा है, वह अपनी सोच और राजनीतिक दिशा तय करके आ रहा है। दरअसल, इसी प्रेस वार्ता के दौरान जदयू के पूर्व प्रदेश सचिव डॉ. चंदन यादव सहित कई नेताओं ने राष्ट्रीय लोक मोर्चा की सदस्यता ली। पार्टी कार्यालय में हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में रालोमो के नेता और कार्यकर्ता मौजूद थे।

