डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : लौहनगरी के गोलमुरी स्थित न्यू केबल टाउन में श्रद्धा और आध्यात्म का अनूठा समागम देखने को मिल रहा है। गुरुवार को भव्य कलश यात्रा के साथ यहां ‘श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ’ का विधि-विधान से शंखनाद हुआ। गाजे-बाजे, भक्ति संगीत और जयकारों के बीच निकली इस यात्रा में आस्था का ऐसा सैलाब उमड़ा कि पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया।
आस्था का सैलाब: 1100 महिलाओं ने उठाया कलश
कलश यात्रा की शुरुआत सुबह 9 बजे ओल्ड केबल टाउन स्थित ऐतिहासिक लक्ष्मीनारायण मंदिर (बिरला मंदिर) से हुई। इस यात्रा की सबसे खास बात इसमें महिलाओं की बड़ी भागीदारी रही। करीब 1100 से अधिक महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश और नारियल लेकर पैदल भ्रमण किया। सुल्तानगंज से लाए गए पवित्र गंगाजल को कलशों में भरकर वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संकल्प लिया गया और फिर ये यात्रा न्यू केबल टाउन मैदान स्थित यज्ञशाला पहुंची।

सड़कों पर दिखा उत्सव सा नजारा
यात्रा के दौरान भक्तों का उत्साह देखते ही बन रहा था। रास्ते भर फूलों की वर्षा और बैंड-बाजे की धुनों ने माहौल को उत्सव जैसा बना दिया। स्वच्छता का संदेश देते हुए यात्रा के आगे-आगे पानी के टैंकर से छिड़काव किया जा रहा था। यज्ञ स्थल पर पांच कुंडीय यज्ञशाला बनाई गई है, जहां कलश स्थापना के बाद बनारस से आए 21 विद्वान आचार्यों ने बेदी निर्माण का कार्य संपन्न किया।
दिग्गज हस्तियों की रही मौजूदगी
इस धार्मिक अनुष्ठान में राजनीति और समाजसेवा से जुड़े कई दिग्गज शामिल हुए। मुख्य रूप से जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय, भाजपा नेता रामबाबू तिवारी, समाजसेवी शिवशंकर सिंह और आयोजन समिति के संयोजक अनिल ठाकुर ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इनके साथ ही गुरुदेव श्री श्री 108 जय मंगला बाबा और यज्ञाचार्य पंडित लाल मोहन शास्त्री के मार्गदर्शन में अनुष्ठान आगे बढ़ रहा है।
क्या रहेगा महायज्ञ का कार्यक्रम?
सुबह का सत्र: 9:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक विशेष पूजन।
दोपहर का सत्र: 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक हवन।
शाम का सत्र: दोपहर 3:00 बजे से रात 8:30 बजे तक प्रसिद्ध कथावाचक रामचरित दास जी महाराज द्वारा संगीतमय कथा, झांकी और प्रवचन।
दिव्य स्वरूप और सुरक्षा के इंतजाम
आयोजन स्थल को बेहद खास बनाया गया है। यज्ञशाला के समीप 108 देवी-देवताओं की प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र हैं। भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए आयोजन स्थल पर सीसीटीवी कैमरे, मजबूत पंडाल, पार्किंग और सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं। इस महायज्ञ को सफल बनाने में शहर के दर्जनों कार्यकर्ताओं और गणमान्य लोगों का सराहनीय योगदान मिल रहा है।

