बीसीसीएल क्षेत्रों में कोयला चोरी, अवैध खनन और अवैध परिवहन पर प्रभावी रोक लगाने के लिए CISF इकाई, BCCL धनबाद ने व्यापक स्तर पर सघन अभियान चलाया। अभियान के तहत ड्रोन सर्विलांस, संयुक्त छापेमारी, मोबिलाइजेशन ड्रिल और एरिया डोमिनेशन जैसे सुरक्षा उपायों के जरिए संवेदनशील इलाकों की लगातार निगरानी की गई। इस दौरान कई स्थानों पर चोरी के प्रयास विफल किए गए, अवैध मुहानों को बंद किया गया तथा सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया।
डीजल और बैटरी चोरी के प्रयास नाकाम
एरिया-01 (बरोरा) में सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए CISF ने डीजल चोरी के प्रयास को विफल कर एक गैलन डीजल बरामद किया। वहीं एरिया-10 (जेलगोरा) स्थित LRS में चोरी की कोशिश को नाकाम करते हुए 33 बैटरियां बरामद की गईं। एरिया-11 (भौरा) के पावर हाउस क्षेत्र में भी सुरक्षा बलों की सतर्कता से चोरी का प्रयास विफल रहा और असामाजिक तत्व मौके से फरार हो गए।
ड्रोन सर्विलांस से अवैध खनन पर नजर
एरिया-04 (कतरास) में ड्रोन निगरानी के दौरान गजलीटांड बंद माइंस और यूएल पीट क्षेत्र में निष्क्रिय अवैध मुहाने (रैट होल) चिन्हित किए गए। वहीं एरिया-07 (पुटकी) के बी-पैच, एफ-पैच, न्यू कोल डंप और खैरा माइंस क्षेत्र में ड्रोन सर्विलांस के दौरान स्थिति सामान्य पाई गई।
मोबिलाइजेशन ड्रिल से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत
एरिया-03 (गोविंदपुर) के NAKC कोल डंप एवं वर्कशॉप परिसर में 29 CISF जवानों के साथ मोबिलाइजेशन ड्रिल और एरिया डोमिनेशन किया गया। इसी तरह एरिया-06 (धंसार) के विश्वकर्मा कोल डंप में 33 जवानों की भागीदारी के साथ सुरक्षा अभ्यास सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
छह अवैध मुहाने किए गए बंद
एरिया-12 (बसंतीमाता) के पलासिया जंगल में संचालित छह अवैध खनन मुहानों को BCCL प्रबंधन और स्थानीय पुलिस की मौजूदगी में भरकर पूरी तरह बंद कर दिया गया। इस कार्रवाई का उद्देश्य अवैध खनन पर स्थायी रोक लगाना और भविष्य में ऐसी गतिविधियों को रोकना है।
ड्रोन निगरानी रहेगी जारी
CISF ने कहा है कि बीसीसीएल के संवेदनशील क्षेत्रों में ड्रोन के माध्यम से नियमित निगरानी जारी रहेगी। अवैध उत्खनन स्थलों की पहचान, उनकी भराई और कोयला चोरी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए BCCL प्रबंधन एवं स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वित अभियान आगे भी लगातार चलाया जाएगा। साथ ही आम लोगों से भी अपील की गई है कि अवैध खनन या कोयला चोरी से जुड़ी किसी भी गतिविधि की जानकारी तत्काल प्रशासन या CISF को दें।

