डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : इंडस्ट्रियल हब गम्हरिया में सक्रिय स्क्रैप चोरों के एक शातिर नेटवर्क को ध्वस्त करने में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। टाटा स्टील फाटक के पास से पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर अवैध स्क्रैप मेटल की तस्करी करने वाले गिरोह के चार सदस्यों को दबोच लिया है। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में चोरी का स्क्रैप और तस्करी में इस्तेमाल होने वाली एक स्कॉर्पियो गाड़ी को भी जब्त किया है।
एसपी के निर्देश पर बनी स्पेशल टीम, घेराबंदी कर दबोचा
स्क्रैप चोरी की मिल रही लगातार शिकायतों के बाद सरायकेला-खरसावां की एसपी निधि द्विवेदी ने इस पर कड़ा संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया था। पुलिस को सटीक सूचना मिली थी कि टाटा कंपनी फाटक के समीप भारी मात्रा में चोरी का स्क्रैप मेटल ठिकाने लगाने की तैयारी है।
सूचना मिलते ही स्पेशल टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया और मौके पर दबिश दी। पुलिस की अचानक हुई इस कार्रवाई से चोरों को संभलने का मौका नहीं मिला और गिरोह के चार आरोपी रंगे हाथ पकड़ लिए गए।
लग्जरी गाड़ी से तस्करी, 10 टन से ज्यादा माल बरामद
पकड़े गए आरोपियों के पास से पुलिस ने एक स्कॉर्पियो वाहन को भी जब्त किया है। चौंकाने वाली बात यह है कि चोरों ने तस्करी के लिए लग्जरी गाड़ी का इस्तेमाल किया, जिसमें करीब आधा टन स्क्रैप मेटल पहले से लदा हुआ था। इसके अलावा पुलिस ने जब घटनास्थल की तलाशी ली, तो वहां से लगभग 10 टन और स्क्रैप मेटल बरामद किया गया।
जांच का दायरा: पुलिस अब बरामद किए गए टन-प्रिटन स्क्रैप की असल कीमत का आकलन कर रही है। साथ ही सबसे बड़ा सवाल यह है कि इतनी भारी मात्रा में मेटल कंपनी के अंदर से बाहर कैसे आया? पुलिस इसके स्रोत और इस सिंडिकेट से जुड़े अन्य सफेदपोशों की तलाश में जुट गई है।
पूछताछ के बाद आरोपी भेजे गए जेल
गिरफ्तार चारों आरोपियों से पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की है, जिसमें कई अहम सुराग हाथ लगे हैं। पूछताछ की प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस कामयाब ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में गम्हरिया थाना प्रभारी रामचंद्र रजक, अवर निरीक्षक अरुण कुमार, पीएसआई रामकाशी, ईशु राम और धर्मवीर कुमार मुख्य रूप से शामिल थे। पुलिस का दावा है कि इस गिरोह के पकड़े जाने से क्षेत्र में औद्योगिक चोरियों पर काफी हद तक लगाम लगेगी।

