देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 एक बार फिर विवादों में घिर गई है। राजस्थान की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने कथित पेपर लीक मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 18 लोगों को हिरासत में लिया है। जांच एजेंसियों ने इस पूरे नेटवर्क के कथित मास्टरमाइंड मनीष को भी जयपुर से हिरासत में लिया है।
जांच में सामने आया है कि “Private Mafia” नाम से एक WhatsApp ग्रुप बनाया गया था, जिसमें करीब 400 सदस्य जुड़े हुए थे। आरोप है कि इसी ग्रुप के जरिए कथित प्रश्न बैंक और PDF शेयर किए गए। SOG को मिले मोबाइल फोन और चैट रिकॉर्ड्स से कई अहम सुराग मिले हैं।
सूत्रों के मुताबिक, सीकर के एक कंसल्टेंसी सेंटर से जुड़े राकेश मंडावरिया को भी हिरासत में लिया गया है। शुरुआती जांच में उसे इस नेटवर्क का अहम किरदार माना जा रहा है। एजेंसियों को शक है कि अप्रैल महीने में ही कथित प्रश्न बैंक कुछ लोगों तक पहुंच गया था।
जांच एजेंसियों का दावा है कि कथित लीक प्रश्नपत्र के कई सवाल असली परीक्षा में हूबहू मिले हैं। शुरुआती जांच में केमिस्ट्री और बायोलॉजी के करीब 120 सवाल मैच होने की बात सामने आई है। अब फिजिक्स के सवालों की भी जांच की जा रही है।
राजस्थान SOG अब इस पूरे नेटवर्क के पैसों के लेनदेन, कॉल लॉग और चैट हिस्ट्री की जांच में जुटी हुई है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि पेपर किन-किन राज्यों तक पहुंचा और इसके बदले कितनी रकम वसूली गई।
हालांकि, अब तक आधिकारिक तौर पर पेपर लीक की पुष्टि नहीं हुई है। NTA का कहना है कि परीक्षा पूरी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कराई गई थी और मामले की जांच जारी है।

