2025 विधानसभा चुनाव में करारी हार के बाद राजद पर एक नयी मुसीबत आन पड़ी है। अब राबड़ी देवी को 10, सर्कुलर रोड का आवास खाली करने का नोटिस मिला है। पिछले दो दशक से जहां रहते हुए खट्टी-मीठी यादें संजोयी है, अब वहां से सर-ओ-सामान समेटने के दिन आ गए हैं। अब राबड़ी देवी को विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष की हैसियत से 10, सर्कुलर रोड से मात्र दो किलोमीटर दूर 39 हार्डिंग रोड पर नया बसेरा बनाने होगा। हालांकि, राजद ने साफ शब्दों में कह दिया कि पुराना ठिकाना 10 सर्कुलर रोड का बंगला खाली नहीं होगा।

बंगला किसी भी सूरत में खाली नहीं होगा- मंगनी लाल
राबड़ी देवी के 10 सर्कुलर आवास वाले बंगले को लेकर राजद के प्रदेश अध्यक्ष मंगनी लाल मंडल ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि बंगला किसी भी सूरत में खाली नहीं किया जाएगा। जहां वह पिछले दो दशक से रह रही हैं, वह 10 सर्कुलर रोड आवास राबड़ी देवी खाली नहीं करेंगी। उन्होंने कहा कि नीतीश का यह फैसला बीजेपी को खुश करने के लिए है।
मंगनी लाल ने पूछा- क्या यह बीजेपी की चाल?
मंगनी लाल मंडल ने कहा कि यह कदम लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी के प्रति जहर भरी सोच से प्रेरित है। उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर सवाल उठाए कि 20 सालों में कई बार सत्ता बदली, लेकिन बंगला मुद्दा कभी नहीं बना, मगर अब अचानक क्यों? क्या यह बीजेपी की चाल है? मंगनीलाल मंडल का मानना है कि गृह विभाग भाजपा के पास जाने के बाद लालू परिवार को अपमानित करने की कोशिश हो रही है। पार्टी ने फैसला लिया कि कोर्ट जाएंगे या जो भी जरूरी कदम उठाएंगे, लेकिन बंगला नहीं छोड़ेंगे।
2005 से लालू यादव परिवार का ठिकाना
बता दें कि 10 सर्कुलर रोड का यह बंगला 2005 से लालू प्रसाद यादव परिवार का ठिकाना रहा है। राबड़ी देवी को इसका आवंटन पूर्व मुख्यमंत्री के नाते हुआ था। उससे पहले मुख्यमंत्री की हैसियत से बगल के आवास (01, अणे मार्ग) में गृहस्थी हुआ करती थी। 10, सर्कुलर रोड एक तरह से राजद का कैंप कार्यालय भी रहा, जहां से लालू राजनीति की नब्ज टटोलते रहे। परिवार-पार्टी की पसंद और अपेक्षा के अनुसार लालू परिवार ने अंदरखाने उसे रूपांतरित भी किया है। दो-दो पूर्व मुख्यमंत्री (लालू-राबड़ी) की हैसियत से अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी, सीसीटीवी और घेराबंदी बढ़ाई गई। स्वजनों के लिए अतिरिक्त कमरे, स्टाफ क्वार्टर और रखरखाव से संबंधित सुविधाएं विकसित की गईं। ऐसे में नई जगह पर बसेरा बनाना तोड़ा मुश्किल तो होगा।

