जमशेदपुर : जिला उपायुक्त सूरज कुमार की अध्यक्षता में केंद्रीय क्षेत्र योजना के अंतर्गत पूर्वी सिंहभूम के पटमदा तथा घाटशिला प्रखंड में चल रहे एफपीओ परियोजना की समीक्षा बैठक की गई। जिला विकास प्रबंधक, नाबार्ड ने परियोजना में अब तक की प्रगति की जानकारी साझा करते हुए बताया कि पटमदा प्रोग्रेसिव एग्रो प्रोडयूसर कंपनी लिमिटेड तथा घाटशिला प्रगतिशील प्रोडयूसर कंपनी लिमिटेड के नाम से इन दोनों प्रखंडो में एफपीओ का गठन तथा पंजीकरण हो चुका है और वर्तमान मे आधारभूत सर्वेक्षण, सदस्यता सह जागरूकता अभियान और अंशपूंजी निर्माण का कार्य चल रहा है।
जिला उपायुक्त ने कहा कि बढ़ती आबादी के कारण भूमिजोत छोटी होती जा रही है जिससे इकाई उत्पादन लागत में भी वृद्धि हो रही है। इसके अतिरिक्त जलवायु संबंधित बढ़ती अनिश्चिता के कारण कृषि कार्य कम लाभकर होता जा रहा है। ऐसी परिस्थिति मे एफपीओ द्वारा समूह शक्ति के प्रभाव से खाद, बीज, कीटनाशक को ऊचित मूल्य पर उपलब्ध करवाने से उत्पादन लागत में कमी, कृषि उत्पाद का संग्रहण के माध्यम से बेहतर विपणन सुविधा प्रदान कर किसानों की आय में सफलता पूर्वक वृद्धि की जा सकती है। उन्होंने विभिन्न विभागों से समन्वय स्थापित कर एफपीओ को बहु सेवा केंद्र के रूप मे विकसित किए जाने के निर्देश दिए।
जिला उपायुक्त ने कहा कि एफपीओ के परिचालन के लिए कार्यालय, गोदाम, शोर्टिंग-ग्रेडिंग-पैकेजिंग इकाई जिला प्रशासन के माध्यम से मुहैया करवाई जा सकती है, इसके लिए उन्होने सम्बंधित हितधारकों को आवश्यक निर्देश दिए। इस योजना के अंतर्गत बोड़ाम, मुसाबनी और धालभूमगढ़ प्रखंड को वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए चयनित किया गया। बैठक में उप विकास आयुक्त परमेश्वर भगत, जिला विकास प्रबंधक, नाबार्ड सिद्धार्थ शंकर, जिला कृषि पदाधिकारी राजीव मिश्रा, जिला उद्यान पदाधिकारी मिथिलेश कालिंदी, अग्रणी जिला प्रबंधक विभाकर सिन्हा, जिला सहकारिता पदाधिकारी विजय तिर्की, जिला मत्स्य पदाधिकारी भार्गवी पी. समेत इस योजना के क्रियान्वयन के लिए चयनित संस्था सृजनी के पदाधिकारी और एफपीओ के निदेशक मंडल के सदस्य मौजूद थे।

