May 27, 2022

Mirrormedia

Jharkhand no.1 hindi news provider

झारखंड राज्य में भाजपा 20 साल के कार्यकाल में किए गए गलत कार्य: जेएमएम

1 min read

झारखंड मुक्ति मोर्चा पूर्वी सिंहभूम जिला समिति के नेतृत्व में झारखंड सरकार को एक साजिश के तहत का स्थिर करने और केंद्र सरकार द्वारा संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग करने के खिलाफ में विरोध मार्च निकाला गया। यह विरोध मार्च झारखंड मुक्ति मोर्चा जिला संपर्क कार्यालय से शुरू हुआ और साकची गोल चक्कर में जाकर सभा में तब्दील हो गया। साथ ही साकची गोलचक्कर पर नरेंद्र मोदी अमित शाह और रघुवर दास का पुतला दहन किया गया। झारखंड मुक्ति मोर्चा के कार्यकर्ता विरोध मार्च में केंद्र सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमित शाह और रघुवर दास के खिलाफ के विरोध में नारेबाजी कर रहे थे। विरोध मार्च का नेतृत्व झारखंड मुक्ति मोर्चा के जिला अध्यक्ष एवं घाटशिला विधायक रामदास सोरेन कर रहे थे। मौके पर झामुमो के जिला अध्यक्ष सह घाटशिला के विधायक रामदास सोरे ने कहा कि लंबे अंतराल के बाद आदिवासी मूलवासी की सरकार हेमंत सोरेन जी के नेतृत्व में झारखंड में चल रही है। पिछले 20 वर्षों से झारखंड राज्य में भाजपा की सरकार रही है। इन 20 वर्षों में भाजपा सरकार ने सरकार में रहकर कई गलत कार्य किए हैं जिससे भाजपा को डर सता रहा है की मौजूदा सरकार हमारे गलत कामों की काला चिट्ठा खोल देगी जिसके चलते साजिश कर सरकारी संस्थाओं का दुरुपयोग कर हेमंत सरकार को स्थिर करने का प्रयास केंद्र सरकार के द्वारा किया जा रहा है। जिसका झारखंड मुक्ति मोर्चा पुरजोर विरोध करती है। इस आक्रोश रैली में मुख्य रूप से उपस्थित पूर्व सांसद सुमन महतो हिदायतुल्ला खान राजू गिरी मनोज यादव पवन सिंह प्रमोद लाल शेख बदरुद्दीन बाबर खान महावीर मुर्मू योगेंद्र निराला वीर सिंह सुरेन लालटू महतो श्यामल सरकार राज लकड़ा बब्बन राय बलजीत कौर गिल अजय रजक बाबू माझी विनोद डे दल गोविंद लोहरा फतेह चंद टू डू गुरमीत सिंह गिल प्रीतम हेंब्रम राजा सिंह प्रदीप सिंह काली पदों गोराई किशोर मुखी शैलेंद्र मेथी श्यामू राव लड्डू सिंह पिंटू लाल बलजीत सिंह नंदू पाजी बहादुर किस्कू बिरध्न सोरेन रासबिहारी हंस गोपाल महतो रजनी दास आशा देवी बलजीत कौर रीता शर्मा तथा काफी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।

Share this news with your family and friends...

Leave a Reply

Your email address will not be published.