डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में हुए चर्चित विक्रम शर्मा हत्याकांड की जांच अब झारखंड के जमशेदपुर तक पहुंच गई है। देहरादून पुलिस की टीम ने जमशेदपुर के उलीडीह इलाके में मुख्य संदिग्धों की तलाश में ताबड़तोड़ छापेमारी की है। हालांकि, मुख्य आरोपी पुलिस के हाथ नहीं लगा, लेकिन जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं।
मुख्य संदिग्ध जितेंद्र फरार, मां से हुई पूछताछ
पुलिस ने उलीडीह निवासी जितेन्द्र कुमार साहू के घर पर दबिश दी। पुलिस को जानकारी मिली थी कि हत्याकांड में जिस ‘अपाचे’ बाइक का इस्तेमाल किया गया था, वह जितेंद्र की ही थी। जितेंद्र फिलहाल फरार है, जिसके बाद पुलिस ने उसकी मां से लंबी पूछताछ की और मामले से जुड़े सुराग जुटाए।
फर्जी आधार कार्ड पर नोएडा में लिया फ्लैट
पुलिस जांच में एक और बड़ा खुलासा अंकित वर्मा को लेकर हुआ है। बताया जा रहा है कि जुगसलाई निवासी अंकित वर्मा ने फर्जी आधार कार्ड बनवाकर नोएडा में एक फ्लैट किराए पर लिया था। आधार कार्ड पर उसने लोहरदगा का पता दर्ज कराया था ताकि पुलिस को गुमराह किया जा सके। अंकित इसी अपाचे बाइक से देहरादून के सिल्वर सिटी मॉल स्थित जिम में विक्रम शर्मा की रेकी निगरानी करता था।
जमशेदपुर के इन युवकों की तलाश में पुलिस
इस हाई-प्रोफाइल मर्डर केस में पुलिस अब जमशेदपुर और आसपास के कई युवकों की कुंडली खंगाल रही है। पुलिस की रडार पर आशुतोष कुमार, विशाल कुमार व आकाश प्रसाद (निवासी जुगसलाई), यशराज सिंह (निवासी बागबेड़ा, गाढ़ाबासा) है।
बड़ी कार्रवाई: पुलिस ने यशराज सिंह की काले रंग की स्कॉर्पियो (JH05 DJ 5517) को जब्त कर लिया है। साथ ही यशराज के पिता राजकुमार सिंह के अलावा जुगसलाई निवासी अक्षत ठाकुर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
क्या था मामला?
बीती 13 फरवरी को देहरादून के सिल्वर सिटी मॉल में विक्रम शर्मा की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद अपराधी अपनी बाइक सहस्रधारा रोड पर छोड़कर स्कूटी और मोटरसाइकिल से हरिद्वार की ओर फरार हो गए थे। अब पुलिस इस पूरे नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए कड़ियां जोड़ रही है।

