डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर: झारखंड में पिछले कुछ समय से रसोई गैस की सप्लाई को लेकर मचे हाहाकार पर राज्य सरकार अब फुल एक्शन मोड में आ गई है। खाद्य आपूर्ति मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने गैस एजेंसियों और विभागीय अधिकारियों के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक में कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट कर दिया है कि राज्य में अब गैस की किल्लत बर्दाश्त नहीं की जा सकती।
एजेंसियों को 10 दिन का अल्टीमेटम
मंत्री ने राज्यभर की गैस एजेंसियों को फटकार लगाते हुए 7 से 10 दिनों के भीतर आपूर्ति व्यवस्था दुरुस्त करने का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने साफ कहा कि उपभोक्ताओं की लंबित डिलीवरी का निपटारा युद्ध स्तर पर किया जाए। मंत्री के अनुसार अगले 10 दिनों के भीतर पूरे राज्य में गैस की स्थिति सामान्य हो जाएगी।
इन तीन जिलों पर विशेष नजर
बैठक के दौरान मंत्री ने रांची, जमशेदपुर और धनबाद में बढ़ते बैकलाॅग पर गहरी नाराजगी जताई। उन्होंने निर्देश दिया कि इन प्रमुख शहरों में प्राथमिकता के आधार पर पेंडिंग ऑर्डर क्लियर किए जाएं। मांग और आपूर्ति की चेन की चौबीसों घंटे मॉनिटरिंग हो। शादी-ब्याह और त्योहारों के सीजन को देखते हुए गैस की निर्बाध सप्लाई सुनिश्चित की जाए।
कालाबाजारी करने वालों की अब खैर नहीं
सड़क पर अवैध तरीके से सिलेंडर की डिलीवरी और कालाबाजारी को लेकर भी मंत्री ने सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि अगर कहीं भी अनियमितता पाई गई या सड़क पर अवैध डिलीवरी दिखी तो सीधे संबंधित गैस एजेंसी पर गाज गिरेगी। कालाबाजारी और स्टॉक जमा करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कड़ी कार्रवाई करें।
आम जनता से अपील: ‘पैनिक न हों’
डॉ. इरफान अंसारी ने प्रदेश की जनता को आश्वस्त करते हुए कहा कि राज्य में गैस का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। किल्लत केवल प्रबंधन की कमी के कारण दिख रही है, जिसे सुधारा जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे घबराएं नहीं और किसी भी तरह की अफरा-तफरी में न आएं, क्योंकि हर घर तक समय पर डोर-स्टेप डिलीवरी पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता है।

