आसनसोल। पश्चिम बर्धमान के 52 संवेदनशील इलाकों में पिछले चुनावों के दौरान हुई हिंसा और तनाव को देखते हुए इस बार प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आ रहा है। आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट और जिला प्रशासन ने मिलकर सुरक्षा और भरोसे का ऐसा मजबूत तंत्र तैयार किया है, जिससे मतदाता बिना किसी भय के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।
पुलिस कमिश्नर डॉ. प्रणव कुमार और जिलाधिकारी एस. पुन्नाबलम ने केंद्रीय बल (CAPF) के साथ जामुड़िया और रानीगंज के संवेदनशील क्षेत्रों—श्रीपुर, बोगरा, शिवडांगा, जेमेरी और चलबलपुर—का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों की मौजूदगी ने इलाके में सुरक्षा का माहौल बनाने के साथ-साथ आम लोगों में भरोसा भी बढ़ाया।
प्रशासन ने माइक के जरिए साफ संदेश दिया—“डरिए मत, खुलकर वोट दीजिए।” साथ ही टोल-फ्री नंबर 1950 जारी कर यह भरोसा दिलाया गया कि किसी भी तरह की धमकी, दबाव या गड़बड़ी की शिकायत पूरी गोपनीयता के साथ दर्ज कर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी एस. पुन्नाबलम ने कहा कि निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। वहीं पुलिस कमिश्नर डॉ. प्रणव कुमार ने चेतावनी दी कि चुनाव प्रक्रिया में बाधा डालने वालों के खिलाफ बिना किसी पक्षपात के सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान के दौरान लोगों को चुनावी अधिकारों और नियमों की जानकारी भी दी गई, जिससे जागरूकता बढ़ी है। अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि प्रशासन की यह सख्ती और सक्रियता जमीनी स्तर पर कितना असर दिखाती है और क्या मतदाता इस बार पूरी तरह निर्भय होकर लोकतंत्र के इस महापर्व में भाग लेते हैं।

