भारतीय रेलवे 17 जुलाई को हरित परिवहन की दिशा में एक बड़ा कदम उठाने जा रहा है। देश की पहली स्वदेशी हाइड्रोजन फ्यूल सेल ट्रेन हरियाणा के जींद–सोनीपत रेलखंड पर अपनी पहली यात्री सेवा शुरू करेगी। यह ट्रेन पर्यावरण के अनुकूल तकनीक से संचालित होगी और इससे रेलवे के कार्बन उत्सर्जन में कमी आने की उम्मीद है।
₹5 से शुरू होगा किराया
रेलवे के अनुसार इस ट्रेन का न्यूनतम किराया मात्र ₹5 होगा, जबकि दूरी के अनुसार अधिकतम किराया लगभग ₹25 तक रहेगा। इससे आम यात्रियों को कम खर्च में आधुनिक और प्रदूषण मुक्त यात्रा का अनुभव मिलेगा।
क्या है इस ट्रेन की खासियत?
यह 10 कोच वाली हाइड्रोजन फ्यूल सेल आधारित ट्रेन है, जो डीजल की जगह हाइड्रोजन से बिजली बनाकर संचालित होगी। ट्रेन से धुआं नहीं निकलेगा और केवल जलवाष्प (Water Vapour) उत्सर्जित होगी। रेलवे का दावा है कि यह तकनीक भविष्य में प्रदूषण कम करने और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने में अहम भूमिका निभाएगी।
ट्रायल सफल, अब यात्री सेवा की तैयारी
भारतीय रेलवे इस ट्रेन का हाई-स्पीड ट्रायल पहले ही सफलतापूर्वक पूरा कर चुका है। परीक्षण के दौरान ट्रेन ने बेहतर प्रदर्शन किया, जिसके बाद इसे यात्री सेवा के लिए तैयार किया गया है।
भारत बना चुनिंदा देशों की सूची में शामिल
हाइड्रोजन ट्रेन सेवा शुरू होने के साथ भारत उन चुनिंदा देशों में शामिल हो जाएगा, जहां रेलवे में हाइड्रोजन तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। यह पहल भारतीय रेलवे के हरित और टिकाऊ परिवहन मिशन को नई गति देगी।

