झारखंड के इस स्कूल में एक साथ 70 छात्राएं बीमार, मचा हड़कंप

Manju
By Manju
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डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : झारखंड के कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में इन दिनों मौसमी बीमारी ने विकराल रूप ले लिया है। विद्यालय की लगभग 70 छात्राएं अचानक वायरल फीवर की चपेट में आ गई हैं, जिससे पूरे शैक्षणिक परिसर और अभिभावकों के बीच हड़कंप मच गया है।

अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में मची अफरा-तफरी
मंगलवार को एक-एक करके जब बड़ी संख्या में छात्राओं की तबीयत बिगड़ने लगी, तो विद्यालय प्रबंधन के हाथ-पांव फूल गए। आनन-फानन में ऑटो और अन्य वाहनों के जरिए सभी बीमार छात्राओं को इलाज के लिए स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र डुमरी ले जाया गया। एक साथ 70 छात्राओं के अस्पताल पहुंचने से वहां स्वास्थ्य कर्मियों और डॉक्टरों के बीच भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

मौसम का बदलाव बना मुख्य कारण
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टर अलबेल केरकेट्टा ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सभी छात्राओं की बारीकी से स्वास्थ्य जांच की। उन्होंने बताया कि शुरुआती जांच में तमाम छात्राएं वायरल संक्रमण से पीड़ित पाई गई हैं।

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डॉक्टर केरकेट्टा के अनुसार इन दिनों तेजी से बदल रहे मौसम और खानपान में लापरवाही के कारण वायरल फीवर के मामलों में तेजी आई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि सभी की स्थिति नियंत्रण में है, बशर्ते छात्राओं को समय पर दवाइयां, पर्याप्त आराम और शुद्ध पेयजल मिलता रहे।

अभिभावकों की बढ़ी चिंता, प्रबंधन पर उठे सवाल
एक ही छत के नीचे रहने वाली इतनी बड़ी संख्या में बेटियों के अचानक बीमार पड़ने से माता-पिता बेहद चिंतित हैं। कई अभिभावकों ने स्कूल पहुंचकर विद्यालय प्रबंधन की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। परिजनों ने मांग की है कि हॉस्टल और कक्षाओं में साफ-सफाई के पुख्ता इंतजाम किए जाएं। छात्राओं को पीने के लिए केवल उबला हुआ या शुद्ध पानी उपलब्ध कराया जाए। बीमार छात्राओं की सेहत पर 24 घंटे विशेष डॉक्टरी निगरानी रखी जाए। विशेषज्ञों का मानना है कि आवासीय परिसरों में एक साथ कई बच्चों के रहने के कारण संक्रमण तेजी से फैलता है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग और विद्यालय प्रशासन को मिलकर तुरंत एहतियाती कदम उठाने होंगे, ताकि बाकी बच्चों को इस संक्रमण से सुरक्षित रखा जा सके।

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