​2.23 करोड़ का बिल और कोर्ट का अल्टीमेटम: बिष्टुपुर पीएम मॉल पर सबसे बड़ी कार्रवाई, प्रशासन के एक्शन से मची खलबली

Manju
By Manju
2 Min Read

डिजिटल डेस्क।जमशेदपुर: टाउन के कमर्शियल हब बिष्टुपुर स्थित प्रतिष्ठित पीएम मॉल की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। जमीन के बकाये और सेस की बड़ी रकम का भुगतान न करने के चलते अब यह विवाद कोर्ट के रास्ते जमीन पर उतर आया है। टाटा स्टील के करोड़ों रुपये के बकाये को लेकर अदालत के सख्त रुख के बाद, शुक्रवार को प्रशासनिक अमले और टाटा स्टील के भूमि विभाग के अधिकारियों ने मॉल परिसर में ताबड़तोड़ कार्रवाई शुरू कर दी।

जमीन की पैमाइश और सीलिंग की कार्रवाई शुरू
शुक्रवार को भारी प्रशासनिक मौजूदगी के बीच मॉल की जमीन की लंबाई, चौड़ाई और कुल क्षेत्रफल की बारीकी से जांच और पैमाइश की गई। इस दौरान कार्रवाई को कड़ा करते हुए मॉल परिसर के पिछले हिस्से को भी सील किए जाने की सूचना सामने आई है।

अदालत का अल्टीमेटम और 15 दिनों का डेडलाइन
सूत्रों के अनुसार, टाटा स्टील ने यह जमीन लीज पर उपलब्ध कराई थी, जिसके एवज में किराया और सेस का भुगतान लंबे समय से लंबित था। मामला जब अदालत की चौखट तक पहुंचा, तो न्यायलय ने टाटा स्टील के पक्ष में फैसला सुनाते हुए मॉल प्रबंधन को 15 दिनों के भीतर 2.23 करोड़ रुपये की बकाया राशि चुकता करने का स्पष्ट आदेश दिया था। निर्धारित समयसीमा समाप्त होने के बाद अब यह सख्त कानूनी व प्रशासनिक कदम उठाया गया है।

क्या बंद हो जाएगा पीएम मॉल?
इस ताजा कार्रवाई के बाद शहर के कारोबारी गलियारों में यह चर्चा जोरों पर है कि अगर मॉल प्रबंधन ने जल्द ही बकाया राशि का भुगतान नहीं किया, तो आने वाले दिनों में इस बड़े कमर्शियल प्रतिष्ठान के संचालन पर बड़ा संकट खड़ा हो सकता है और मॉल को पूरी तरह बंद किए जाने की नौबत आ सकती है। फिलहाल, सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि मॉल प्रबंधन इस वित्तीय संकट से निपटने के लिए क्या कदम उठाता है।

Share This Article