डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : चक्रधरपुर रेल मंडल के रेलवे सुरक्षा बल में चल रहे भ्रष्टाचार के एक बड़े खेल का केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो ने भंडाफोड़ किया है। सीबीआई की टीम ने एक गुप्त और सुनियोजित कार्रवाई करते हुए राउरकेला आरपीएफ थाना प्रभारी कमलेश समादार को हिरासत में ले लिया है। इस कार्रवाई से पूरे रेल मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया है।
12 हजार की घूस और बिचौलिया गिरफ्तार
इस पूरे रैकेट का खुलासा तब हुआ जब सीबीआई ने जाल बिछाकर थाना प्रभारी के कथित करीबी और बिचौलिए अजय मिश्रा को दबोचा। अजय को एक अवैध वेंडर से 12,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि यह रकम अवैध वेंडिंग को संरक्षण देने के बदले वसूली जा रही थी।
5 महीने से रडार पर थे थाना प्रभारी
सूत्रों के मुताबिक राउरकेला RPF थाना प्रभारी कमलेश समादार के खिलाफ पिछले करीब पांच महीनों से सीबीआई को लगातार गंभीर शिकायतें मिल रही थी।
सीबीआई की टीम इन शिकायतों की अंदरूनी जांच कर रही थी। पर्याप्त सबूत मिलने के बाद सीबीआई ने बकायदा मामला दर्ज किया। इसके बाद अदालत से वारंट जारी कराकर सीधे एक्शन मोड में आई।
कार्रवाई के दौरान हुआ ‘हाई-वोल्टेज ड्रामा’
जब सीबीआई की टीम कमलेश समादार के सरकारी आवास पर छापेमारी करने पहुंची, तो वहां स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई। थाना प्रभारी के परिवार के कुछ सदस्यों ने सीबीआई टीम को अंदर जाने से रोकने की कोशिश की और तीखी नोकझोंक हुई। काफी देर तक चले इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के बाद, सीबीआई अधिकारियों ने कड़ी मशक्कत की और कानूनी औपचारिकताएं पूरी करते हुए घर में प्रवेश किया। इसके बाद कमलेश समादार को हिरासत में ले लिया गया।
रडार पर पूरा नेटवर्क: और भी होंगे बड़े खुलासे?
सीबीआई की यह कार्रवाई महज एक थाना प्रभारी तक सीमित नहीं रहने वाली है। जांच एजेंसी अब इस बात की तह तक जा रही है कि रेलवे स्टेशनों पर अवैध वेंडरों से होने वाली इस काली कमाई का हिस्सा और कहां-कहां जाता था? क्या चक्रधरपुर रेल मंडल के कुछ अन्य बड़े अधिकारी भी इस सिंडिकेट का हिस्सा हैं?
अवैध वेंडिंग के इस खेल में सुरक्षा बल के कौन-से अन्य कर्मी बिचौलिए की भूमिका निभा रहे थे? सीबीआई की इस धड़पकड़ के बाद चक्रधरपुर रेल मंडल के आरपीएफ महकमे में सन्नाटा पसरा हुआ है और आने वाले दिनों में कुछ और बड़ी गिरफ्तारियों की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

