पलामू: जिले में पुलिस व्यवस्था को सुदृढ़ और पारदर्शी बनाने की दिशा में पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तरहसी थाना प्रभारी आनंद राम को निलंबित कर दिया है।
जानकारी के अनुसार, थाना प्रभारी आनंद राम के खिलाफ आम लोगों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं। उन पर मिट्टी कटाई से जुड़े मामलों में पैसे मांगने और आम जनता को अनावश्यक रूप से परेशान करने के आरोप लगे थे। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए एसपी कपिल चौधरी ने मामले की जांच कराई। जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद उन्हें पहले लाइन क्लोज किया गया और बाद में निलंबित कर दिया गया।
एसपी कपिल चौधरी लगातार एक्शन मोड में दिखाई दे रहे है। वहीं इस कार्रवाई के साथ स्पष्ट संदेश दिया कि पुलिस आम जनता की सेवा और सुरक्षा के लिए है। यदि कोई पुलिस अधिकारी जनता से अवैध वसूली करता है या उनकी समस्याओं के समाधान के बजाय उन्हें परेशान करता है, तो उसके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, तरहसी थाना क्षेत्र में अवैध मिट्टी कटाई से जुड़े मामले में एक जेसीबी मशीन को पुलिस ने जब्त किया था। आरोप है कि वाहन को छोड़ने के बदले थाना प्रभारी आनंद राम ने उसके संचालक से अवैध राशि की मांग की। इसी बीच इस प्रकरण से जुड़ा एक कथित ऑडियो भी सामने आया, जिसके वायरल होने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया।
ऑडियो सामने आने के बाद पलामू पुलिस प्रशासन ने पूरे मामले को गंभीरता से लिया और इसकी जांच एसडीपीओ से कराई गई। जांच के दौरान उपलब्ध तथ्यों, साक्ष्यों और संबंधित पक्षों से मिली जानकारी के आधार पर आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद पुलिस अधीक्षक कपिल चौधरी ने तत्काल विभागीय कार्रवाई करते हुए थाना प्रभारी आनंद राम को निलंबित कर दिया।
एसपी कपिल चौधरी ने कहा कि जांच रिपोर्ट में लगाए गए आरोपों की पुष्टि हुई है। इसी आधार पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की गई है। उन्होंने दोहराया कि पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार, अवैध वसूली या जनता के साथ गलत व्यवहार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और भविष्य में भी ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
गौरतलब है कि कपिल चौधरी ने कुछ महीने पहले ही पलामू के पुलिस अधीक्षक का पदभार ग्रहण किया है। पदभार संभालने के बाद से वे लगातार पुलिसिंग व्यवस्था को बेहतर बनाने और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई कर रहे हैं। इससे पहले भी वे तीन थाना प्रभारियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई कर चुके हैं।
एसपी ने विशेष रूप से जमीन और राजस्व से जुड़े मामलों में थाना स्तर के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि यदि किसी भी अधिकारी, कर्मी या दलाल द्वारा जानबूझकर जनता को परेशान किया गया या अवैध रूप से पैसे मांगे गए, तो ऐसे लोगों के खिलाफ कड़ी विभागीय और कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
पलामू पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में जवाबदेही, पारदर्शिता और बेहतर पुलिसिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

