डिजिटल डेस्क। मिरर मीडिया: तृणमूल कांग्रेस के भीतर मची घमासान और अंदरूनी कलह अब चुनाव आयोग की चौखट तक पहुंच गई है। पार्टी के चुनाव निशान ‘जोड़ा फूल’ को फ्रीज किए जाने के बाद मचे सियासी भूचाल के बीच, ममता बनर्जी और ऋतब्रत के नेतृत्व वाले दोनों विरोधी धड़ों ने आयोग के निर्देश के अनुसार अपने नए नाम और चुनाव चिन्हों की लिस्ट सौंप दी है। चुनाव आयोग ने दोनों ही पक्षों को सख्त हिदायत देते हुए सुबह 11 बजे तक तीन-तीन नए वैकल्पिक नाम और आयोग के मुक्त प्रतीकों (फ्री सिंबल्स) में से अपनी पसंद बताने का अल्टीमेटम दिया था।
ममता गुट के नए नाम और पसंद
ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले धड़े ने ईमेल के माध्यम से चुनाव आयोग को तीन नए नाम भेजे हैं, जिनमें ‘ममता आल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’, ‘आल इंडिया तृणमूल कांग्रेस ममता’ और ‘तृणमूल ममता कांग्रेस’ शामिल हैं। इसके अलावा, चुनाव चिन्ह के रूप में इस गुट ने ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ और ‘बल्ला’ पर अपनी मुहर लगाई है। हालांकि, इस खेमे ने पुराने और पारंपरिक ‘जोड़ा फूल’ चुनाव चिन्ह को सील करने के आयोग के फैसले पर कड़ी नाराजगी भी जाहिर की है।
ऋतब्रत गुट की ओर से ये विकल्प आए सामने
दूसरी तरफ, ऋतब्रत के धड़े ने अपने लिए दो नए नाम—’राष्ट्रवादी तृणमूल कांग्रेस’ और ‘लोकतांत्रिक तृणमूल कांग्रेस’ सुझाए हैं। चुनाव चिन्हों की बात करें तो इस गुट ने आयोग की फ्री सिंबल सूची से ‘ब्लैकबोर्ड’, ‘लिफाफा’ और ‘टार्च’ को अपनी पहली प्राथमिकता बताया है।
आयोग के इस सख्त और त्वरित कदम के बाद अब सियासी गलियारों में यह चर्चा जोरों पर है कि आखिरकार चुनाव आयोग इनमें से किस गुट को आधिकारिक नाम और किस नए निशान के साथ चुनावी समर में उतरने की हरी झंडी देता है।

