डिजिटल डेस्क।जमशेदपुर: राज्यभर में धधक रहे छात्र आंदोलन की आंच अब पूर्वी सिंहभूम की दहलीज तक पहुंच गई है। शांति और कानून-व्यवस्था बिगड़ने की गंभीर आशंका को देखते हुए जिला प्रशासन ने कड़े रुख के साथ पूरे शहर को प्रशासनिक पाबंदियों के दायरे में ले लिया है। स्थिति की संवेदनशीलता को भांपते हुए बीएनएसएस की धारा 163 (निषेधाज्ञा) लागू कर दी गई है, जिससे शहर की सामान्य गतिशीलता पर पूरी तरह विराम लग गया है।
चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल, कड़े प्रतिबंध लागू
शहर के संवेदनशील इलाकों और प्रमुख चौराहों को पुलिस छावनी में बदल दिया गया है। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल मुस्तैद है। प्रशासन की ओर से पाबंदियां तत्काल प्रभाव से लागू की गई हैं।
भीड़ जुटाने पर रोक: शहर के किसी भी स्थान पर 5 या उससे अधिक लोगों के एक साथ जमा होने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
प्रदर्शन व जुलूस पर पाबंदी: किसी भी तरह के धरना, विरोध प्रदर्शन, जुलूस या जनसभा के आयोजन पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है।
सोशल मीडिया पर पैनी नजर: डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भड़काऊ, फर्जी या आपत्तिजनक संदेश शेयर करने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त कानूनी कार्रवाई करेगी। जिला प्रशासन ने आम नागरिकों, अभिभावकों और छात्रों से किसी भी भ्रामक सूचना या अफवाह पर ध्यान न देने तथा शहर में शांति और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।

