झारखंड छात्र आंदोलन: 500 प्रदर्शनकारियों पर FIR, 6 छात्र अब भी अनशन पर; सरकार से मांगें मानने की अपील
झारखंड में JPSC-JSSC समेत भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और सुधार की मांग को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है। गुरुवार को आंदोलन का 20वां दिन है। इसी बीच विधानसभा घेराव के दौरान हुए विवाद को लेकर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। रिपोर्टों के मुताबिक, FIR में 100 नामजद और करीब 500 अज्ञात प्रदर्शनकारियों को आरोपी बनाया गया है।
छात्र रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में धरना दे रहे हैं। आंदोलनकारियों की प्रमुख मांग भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच, भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और JPSC-JSSC में सुधार है। छात्र मामले की जांच CBI या राज्य से बाहर के सेवानिवृत्त हाईकोर्ट न्यायाधीशों की समिति से कराने की मांग पर भी अड़े हुए हैं।
6 छात्र अब भी अनशन पर
आंदोलन के बीच कई छात्र अनशन पर बैठे हैं। गुरुवार को छात्र नेता प्रेम नायक के अनशन का 11वां दिन बताया गया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य खराब होने के बावजूद मांगें पूरी होने तक अनशन जारी रखने का फैसला लिया गया है। छात्रों का कहना है कि सरकार की ओर से ठोस निर्णय आने तक आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा।
आंदोलनकारियों का आरोप है कि सरकार उनकी बात नहीं सुन रही है। छात्रों का कहना है कि कई दौर की बातचीत के बावजूद उनकी प्रमुख मांगों पर समाधान नहीं निकला है। सरकार की ओर से छात्रों से बातचीत जारी रखने की बात कही गई है।
CM आवास की बढ़ाई गई सुरक्षा
छात्र आंदोलन को देखते हुए मुख्यमंत्री आवास के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। करीब 500 मीटर लंबे रास्ते पर बैरिकेडिंग की गई है और अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं। प्रशासन को छात्रों की ओर से दोबारा मुख्यमंत्री आवास या विधानसभा के घेराव की आशंका है।
इस बीच सरकार और छात्रों के बीच बातचीत के कई दौर हो चुके हैं, लेकिन गतिरोध पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। छात्र अपनी मांगों पर कायम हैं और आंदोलन जारी रखने की बात कह रहे हैं।

