देवघर। श्रावणी मेला समाप्त होने के बाद भी जिले में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई जारी है। पूरे सावन माह चले विशेष जांच एवं छापेमारी अभियान के दौरान विभाग ने बड़ी मात्रा में अमानक और दूषित खाद्य सामग्री जब्त कर नष्ट कराई।
शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने पर जोर
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुबीर रंजन ने प्रेस वार्ता में बताया कि आम लोगों को शुद्ध, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जांच अभियान चलाया जा रहा है।
50 से अधिक प्रतिष्ठानों की जांच
विभाग के अनुसार, पूरे अभियान के दौरान 50 से अधिक खाद्य प्रतिष्ठानों और दुकानों का औचक निरीक्षण किया गया। रांची से आई अत्याधुनिक मोबाइल फूड टेस्टिंग लैब की सहायता से मौके पर ही 700 से अधिक खाद्य नमूनों की जांच की गई। इनमें 600 से अधिक नमूने मानक के अनुरूप पाए गए, जबकि 73 नमूनों में गुणवत्ता एवं स्वच्छता से संबंधित खामियां सामने आईं।
1500 किलो खोया और 300 किलो पेड़ा नष्ट
जांच के दौरान बड़ी मात्रा में अमानक खाद्य सामग्री मिलने पर विभाग ने कार्रवाई की। करीब 1500 किलोग्राम खोया और 300 किलोग्राम से अधिक पेड़ा मौके पर ही नष्ट कराया गया। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों से करीब 267 किलोग्राम दूषित तेल और रिफाइंड भी जब्त कर नष्ट किया गया।
खुले में बिक रहे खाद्य पदार्थों की भी जांच
खुले में बेचे जा रहे पकौड़े और अन्य तैयार खाद्य पदार्थों की भी मौके पर जांच की गई। अस्वच्छ परिस्थितियों में तैयार या रखे गए खाद्य पदार्थों को भी मौके पर ही नष्ट कराया गया।
12 से अधिक विधिक नमूने भेजे गए
खाद्य सुरक्षा विभाग ने संदेह के आधार पर 12 से अधिक खाद्य पदार्थों के विधिक नमूने एकत्र कर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे हैं। प्रयोगशाला रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद संबंधित कारोबारियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा कानून के तहत विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
मेले के बाद भी अभियान रहेगा जारी
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुबीर रंजन ने स्पष्ट किया कि विभाग की कार्रवाई केवल श्रावणी मेले तक सीमित नहीं है। जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता सुनिश्चित करने के लिए शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित जांच एवं प्रवर्तन अभियान आगे भी जारी रहेगा।
मिलावटखोरों पर होगी सख्त कार्रवाई
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में जागरूकता अभियान चलाने के साथ-साथ मिलावटखोरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि आम लोगों को शुद्ध, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके।

