प्रशिक्षण, प्रशासनिक व्यवस्था और वित्तीय प्रबंधन की हुई समीक्षा; कैडेटों के व्यक्तित्व विकास पर दिया गया जोर

धनबाद: हजारीबाग ग्रुप एनसीसी के ग्रुप कमांडर ब्रिगेडियर दीपक गौर ने 5 झारखंड बटालियन एनसीसी, धनबाद का प्रशासनिक निरीक्षण किया। इस दौरे का उद्देश्य बटालियन के समग्र कार्यों की समीक्षा और मूल्यांकन करना था। निरीक्षण के दौरान विशेष रूप से एनसीसी कैडेटों से संबंधित प्रशिक्षण, प्रशासनिक व्यवस्था और वित्तीय प्रबंधन की समीक्षा की गई।
निरीक्षण के दौरान ब्रिगेडियर दीपक गौर ने पूरे वर्ष संचालित एनसीसी प्रशिक्षण गतिविधियों का व्यापक ऑडिट किया। उन्होंने निर्धारित एनसीसी प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन और प्रशिक्षण की गुणवत्ता की भी समीक्षा की।

प्रशिक्षण गतिविधियों की हुई समीक्षा
निरीक्षण के दौरान प्रशिक्षण से जुड़े विभिन्न पहलुओं का मूल्यांकन किया गया। इसमें यह देखा गया कि कैडेटों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण के साथ-साथ अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, चरित्र निर्माण, शारीरिक दक्षता और सेवा भावना विकसित करने के पर्याप्त अवसर मिल रहे हैं या नहीं।
ग्रुप कमांडर ने एनसीसी प्रशिक्षण गतिविधियों के प्रभावी संचालन और कैडेटों के समग्र विकास से जुड़े पहलुओं की भी समीक्षा की।
प्रशासनिक व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण
ब्रिगेडियर दीपक गौर ने बटालियन की प्रशासनिक व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की। इसमें अभिलेखों एवं दस्तावेजों का रख-रखाव, आधारभूत संरचना, कैडेट कल्याण तथा एनसीसी गतिविधियों के सुचारू संचालन से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं का निरीक्षण शामिल था।
इसके अलावा यूनिट के वित्तीय प्रबंधन और व्यय संबंधी पहलुओं की भी जांच की गई, ताकि उपलब्ध संसाधनों का उचित उपयोग तथा निर्धारित नियमों और प्रक्रियाओं का पालन सुनिश्चित किया जा सके।
अधिकारियों और कर्मचारियों से किया संवाद
प्रशासनिक निरीक्षण के दौरान ब्रिगेडियर दीपक गौर ने बटालियन के अधिकारियों और कर्मचारियों से संवाद किया। उन्होंने एनसीसी गतिविधियों के प्रभावी संचालन तथा कैडेटों के समग्र व्यक्तित्व विकास के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की।
इस प्रशासनिक निरीक्षण के माध्यम से बटालियन की समग्र प्रगति का आकलन करने और एनसीसी प्रशिक्षण एवं प्रशासन के संचालन में आवश्यक सुधार के क्षेत्रों की पहचान करने का अवसर मिला।
कैडेटों को जिम्मेदार नागरिक बनाने पर जोर
यह दौरा 5 झारखंड बटालियन एनसीसी, धनबाद में उच्च स्तरीय प्रशिक्षण, प्रशासनिक एवं वित्तीय अनुशासन बनाए रखने की प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है। साथ ही युवा कैडेटों को जिम्मेदार, अनुशासित और राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित नागरिक के रूप में तैयार करने के उद्देश्य को भी मजबूती प्रदान करता है।

