धनबाद: जिला समाज कल्याण विभाग और वन स्टॉप सेंटर (OSC) के संयुक्त प्रयासों से 20 वर्षों से लापता एक बुजुर्ग महिला को सकुशल उनके घर वापस लाया गया है। पूर्वी टुंडी प्रखंड के दलदली गांव (पंचायत-चुरुरिया) की रहने वाली 65 वर्षीय कबली देवी करीब 20 साल पहले अचानक घर से लापता हो गई थीं। लंबे समय तक तलाश के बावजूद उनका कोई सुराग नहीं मिलने पर परिवार ने उन्हें मृत मान लिया था। इसी दौरान उनके पति ने दूसरी शादी भी कर ली थी।
हाल ही में कबली देवी केरल के कालीकट (कोझिकोड) में मिलीं, जहां उन्हें सरकारी आशा भवन (महिला) में रखा गया था। मामले की जानकारी मिलने पर केरल के स्थानीय पुलिस इंस्पेक्टर शिवनमुनाथिल ने मानवीय संवेदनशीलता दिखाते हुए महिला के परिवार का पता लगाने के लिए प्रयास शुरू किए। काफी खोजबीन के बाद उन्होंने धनबाद स्थित उनके घर का पता लगाया और फोन के माध्यम से जिला प्रशासन को इसकी सूचना दी।
सूचना मिलते ही जिला समाज कल्याण पदाधिकारी स्नेह कश्यप के निर्देश पर एक विशेष टीम गठित की गई। टीम में जिला बाल संरक्षण इकाई के परामर्शदाता मदन मोहन महथा और वन स्टॉप सेंटर की चौकीदार आरती कुमारी शामिल थीं। यह टीम 23 जून से 28 जून 2026 तक केरल में रहकर सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद कबली देवी को सुरक्षित धनबाद लेकर लौटी।
फिलहाल कबली देवी को धनबाद के वन स्टॉप सेंटर (OSC) में सुरक्षित रखा गया है। उनके एक बेटे और एक बेटी हैं, जिनका विवाह हो चुका है और वे टुंडी में ही रहते हैं। मां के जीवित होने और दो दशक बाद वापस लौटने की खबर से पूरे परिवार में खुशी और भावुकता का माहौल है। उनकी बेटी ने बताया है कि वह अपनी मां से मिलने वन स्टॉप सेंटर पहुंचेगी।

