भारत की आस्था, संस्कृति और अदम्य साहस के प्रतीक सोमनाथ मंदिर में सोमवार को भव्य “सोमनाथ अमृत पर्व-2026” का आयोजन किया जाएगा। मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशेष विरासत उत्सव का समापन समारोह 11 मई 2026 को प्रभास पाटन स्थित मंदिर परिसर में होगा, जिसमें देशभर से श्रद्धालुओं और संत-महात्माओं के पहुंचने की संभावना है।
करीब एक हजार वर्षों तक विदेशी आक्रमणों और संघर्षों का सामना करने के बावजूद सोमनाथ मंदिर भारतीय सनातन परंपरा और अटूट आस्था का प्रतीक बना रहा। देश के प्रथम गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल के संकल्प से मंदिर का पुनर्निर्माण हुआ था, जिसे आज भारत के सांस्कृतिक पुनर्जागरण का महत्वपूर्ण अध्याय माना जाता है।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सोमनाथ अमृत पर्व-2026 में शामिल होंगे। कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री सबसे पहले ज्योतिर्लिंग भगवान सोमनाथ महादेव की विशेष पूजा-अर्चना और कुंभाभिषेक करेंगे। इसके बाद वे जनसभा को संबोधित कर देशवासियों को सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक एकता का संदेश देंगे।
समापन समारोह में कलश यात्रा, भजन संध्या, ॐकार मंत्र जाप, सोमनाथ पुस्तिका में मंत्र लेखन तथा पावन कथाओं के वाचन जैसे कई धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन किए जाएंगे। मंदिर परिसर को आकर्षक रोशनी और पारंपरिक सजावट से सजाया गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल बना हुआ है।
सोमनाथ ट्रस्ट और प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम को लेकर पूरे प्रभास पाटन और आसपास के क्षेत्रों में उत्साह का माहौल देखा जा रहा है।

