पटना में सड़क हादसे में एक व्यक्ति की मौत के बाद लोगों ने जमकर उत्पात मचाया। हादसे से गुस्साए लोग सड़क पर उतर आए। देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया। उग्र भीड़ ने एक बस, पुलिस की गाड़ी और मीडियाकर्मियों की गाड़ी में आग लगा दी।
सड़क हादसे के बाद उग्र भीड़ का आक्रोश
पटना सिटी के बाईपास थाना क्षेत्र में सड़क हादसे के बाद शुक्रवार को स्थिति तनावपूर्ण हो गई। हादसे में तकिया गांव निवासी मनीष की मौत की खबर से आक्रोशित ग्रामीणों ने एनएच-30 पर जाम लगा दिया और सड़क पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। देखते ही देखते प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया।
पुलिस और मीडिया को भी दौड़ा-दौड़ाकर पीटा
लोगों ने पुलिस और मीडिया को भी दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। मिली खबरों के मुताबिक पुलिस की तीन गाड़ियों को प्रदर्शनकारियों ने आग के हवाले कर दिया। जिस बस से कुचलकर युवक की मौत हुई लोगों ने उसमें आगजनी कर दी। साथ ही मीडियाकर्मियों की गाड़ी को भी फूंक डाला। वाहनों से उठता धुआं और सड़क पर जमा भीड़ के कारण NH-30 पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
उपद्रवियों ने पुलिस पर की पत्थरबाजी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझाकर सड़क जाम हटाने का प्रयास किया। इसी दौरान कुछ लोगों ने पुलिस टीम पर पथराव शुरू कर दिया। इसके बाद पुलिस और उपद्रवियों के बीच जमकर पत्थरबाजी हुई। हालात को काबू करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल को मौके पर बुलाया गया।
भारी संख्या में पुलिस बल की तैनात
घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। सुरक्षा के मद्देनजर भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। लिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर उपद्रवियों की पहचान शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आगजनी, तोड़फोड़ और हिंसा में शामिल लोगों की पहचान सीसीटीवी फुटेज और वीडियो के आधार पर की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

