बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई जारी है। एक बार फिर इसकी ज़द में एक बड़ा अधिकारी आया है। बिहार की राजधानी पटना में निगरानी विभाग की स्पेशल यूनिट ने बड़ी छापेमारी की है। टीम ने शहरी विकास एवं आवास विभाग में कार्यपालक अभियंता राजीव कुमार के ठिकानों पर छापा मारा है।
एक साथ के तीन अलग-अलग ठिकानों पर रेड
बुधवार की सुबह एसवीयू की विशेष टीमों ने राजीव कुमार के तीन अलग-अलग ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की। ये छापा पटना के रामनगरी में सुमित गृहम अपार्टमेंट के वेस्ट ब्लॉक स्थित फ्लैट नंबर- B 202 पर किया गया है। जहां वे सपरिवार रहते हैं। वहीं, दानापुर में लैंडमार्क गोल्ड का फ्लैट नंबर 807, जिसे उनकी गुप्त संपत्ति का हिस्सा माना जा रहा है। और राजीव कुमार के सरकारी दफ्तर पटना स्थित पंत भवन के छठे तल पर उनका कार्यालय, जहां दस्तावेजों की सघन तलाशी ली जा रही है।
अवैध संपत्ति जुटाने का आरोप
राजीव कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के गंभीर आरोप में कांड संख्या-15/2026 दर्ज किया गया है।निगरानी इकाई के मुताबिक, आरोपी अधिकारी ने लोक सेवक के पद पर रहते हुए अपने अधिकारों का दुरुपयोग किया और सुनियोजित तरीके से अवैध संपत्ति जुटाई।
1.10 करोड़ की अवैध संपत्ति का खुलासा
जांच में सामने आया है कि राजीव कुमार ने अपनी ज्ञात वैध आय से कहीं अधिक, करीब 1 करोड़ 10 लाख 24 हजार 271 रुपये की संपत्ति अर्जित की, जो सीधे तौर पर भ्रष्टाचार की ओर इशारा करती है।

