धनबाद। जिला परिषद प्रशासन ने राजस्व वसूली और अपनी संपत्तियों की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए बकाएदारों एवं अवैध कब्जाधारियों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। इसी क्रम में बुधवार को बेकारबांध क्षेत्र में दो दुकानों को सील कर दिया गया, जबकि जिला परिषद की जमीन पर अवैध कब्जा कर अस्थायी दुकान बनाने वालों को अंतिम चेतावनी जारी की गई है।

बकाया किराया नहीं चुकाने पर दो दुकानें सील
जिला परिषद की ओर से बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद बकाया राशि जमा नहीं करने पर टीम ने निम्नलिखित दुकानों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया—
दुकान संख्या C/11 (सरोज रजक) : ₹3,34,450 बकाया होने के कारण सील।
दुकान संख्या P5 (अनिल कुमार सिंह) : ₹1,56,782 बकाया होने के कारण सील।
अवैध कब्जाधारियों को कल तक का अल्टीमेटम
कार्रवाई के दौरान यह भी पाया गया कि कुछ लोगों ने बिना अनुमति जिला परिषद की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा कर अस्थायी दुकानें बना ली हैं। जिला परिषद ने ऐसे सभी कब्जाधारियों को कल तक स्वेच्छा से कब्जा हटाने का अंतिम अवसर दिया है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिला परिषद की संपत्तियों पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। निर्धारित समय सीमा तक कब्जा नहीं हटाने पर बलपूर्वक अतिक्रमण हटाया जाएगा तथा संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
अभियान आगे भी रहेगा जारी
जिला परिषद प्रशासन ने कहा है कि बकाएदारों के खिलाफ सीलिंग अभियान और अवैध कब्जे के विरुद्ध कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी। अभियान के दौरान जिला परिषद के वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी एवं स्थानीय पुलिस बल के जवान मौजूद रहे।

