पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को मिथिला का पाग पहनाए जाने पर पूर्णिया निर्दलीय सांसद पप्पू यादव भड़क गए हैं। इसके विरोध में पप्पू यादव अजीब हाल में संसद पहुंचे। पप्पू यादव को जिस किसी ने भी इस हाल में देखा वह हैरान रह गया कि आखिर उन्हें इतनी गंभीर चोट आई कैसे?
छात्रों पर लाठीचार्ज का प्रतीकात्मक विरोध
आज संसद पहुंचे पप्पू यादव का अलग ही अंदाज देखने को मिला। उनके सिर पर मेडिकल पट्टी बंधी थी, जिस पर बड़े अक्षरों में ‘JUSTICE’ लिखा था। हाथ में डंडा था और पूरा लुक ऐसे बनाया गया था, मानो वह खुद लाठीचार्ज के शिकार हों। यह उनका छात्रों के समर्थन में प्रतीकात्मक विरोध था। संसद भवन के बाहर पप्पू यादव ‘घायल अवस्था’ के प्रतीकात्मक रूप में नजर आए। संसद परिसर में मौजूद सुरक्षाकर्मियों को भी पप्पू यादव की इस हालत को देखकर कुछ पल समझ नहीं आया कि माजरा क्या है।
छात्रों पर बल प्रयोग के खिलाफ बोले पप्पू यादव
संसद परिसर में मीडिया से बात करते हुए पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि देशभर में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर बेरहमी से लाठियां बरसाई जा रही हैं।छात्रों की आवाज दबाने के लिए लाठियां और हथियार इस्तेमाल किए जा रहे हैं। पेपर लीक के असली गुनाहगारों को पकड़ने के बजाय परीक्षार्थियों पर अत्याचार हो रहा। प्रदर्शनकारी युवाओं के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ देशव्यापी न्याय की अपील की।
पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर उठाए सवाल
पप्पू यादव ने पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जिन पर पेपर लीक जैसे गंभीर आरोपों को लेकर सवाल उठ रहे हैं, उन्हें सम्मान दिया जा रहा है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा- “क्या इतने सम्मानित प्रतीक वाली पगड़ी किसी भ्रष्ट व्यक्ति को पहनाई जाएगी?” उन्होंने सरकार पर छात्रों की आवाज दबाने का आरोप लगाया। दरअसल, संसद में मंगलवार को एंटी पेपर लीक संशोधन विधेयक पर चर्चा होने की संभावना है।

