झरिया: मेहनत, लगन और निरंतर प्रयास का शानदार उदाहरण पेश करते हुए झरिया के चौथाई कुल्ही, भालगोड़ा 2 नंबर चानक निवासी विकास कुमार सिंह ने बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) परीक्षा में सफलता हासिल कर ब्लॉक पंचायत राज पदाधिकारी (BPRO) का पद प्राप्त किया है। परीक्षा में उन्होंने 1058वीं रैंक हासिल की।

विकास कुमार सिंह के पिता सुधीर कुमार सिंह दूध व्यवसाय से जुड़े हैं, जबकि माता इंदु देवी हैं। विकास ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा आईएसएल स्कूल, झरिया से प्राप्त की और बाद में जयपुर से बीटेक की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद उन्होंने BPSC की तैयारी शुरू की और चौथे प्रयास में सफलता हासिल की।
इस सफलता की सबसे खास बात यह रही कि विकास कुमार सिंह और उनकी पत्नी कोमल कुमारी सिंह की शादी के अगले ही दिन BPSC प्रारंभिक परीक्षा थी। नवविवाहित होने के बावजूद दोनों परीक्षा में शामिल हुए और आज दोनों ने शानदार सफलता हासिल कर एक प्रेरणादायक मिसाल कायम की है।
मूल रूप से बेगूसराय की रहने वाली कोमल कुमारी सिंह ने अपने दूसरे प्रयास में 489वीं रैंक प्राप्त कर डीएसपी (DYSP) पद हासिल किया है।
विकास की सफलता में उनके बड़े भाई सूरज कुमार सिंह का महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिन्होंने हर कदम पर उनका मार्गदर्शन और हौसला बढ़ाया। वहीं परिवार के सबसे छोटे भाई राहुल कुमार सिंह भी सफलता की नई कहानी लिख चुके हैं। वर्ष 2019 में रेलवे ग्रुप-डी में चयनित राहुल को हाल ही में ईस्टर्न रेलवे के रांची मंडल में स्टेशन मास्टर के पद पर पदोन्नति मिली है।
एक ही परिवार के तीन भाइयों और बहू की इस उपलब्धि ने न केवल झरिया बल्कि पूरे क्षेत्र का मान बढ़ाया है। स्थानीय लोगों ने परिवार को बधाई देते हुए इसे युवाओं के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बताया है।

