डिजिटल डेस्क। जमशेदपुर : कोवाली थाना क्षेत्र के हल्दीपोखर में एक ऐसी चोरी की वारदात सामने आई है जिसने पुलिस के होश उड़ा दिए हैं। रेलवे स्टेशन के पास स्थित नेबफीन्स लिमिटेड (एक निजी माइक्रोफाइनेंस बैंक) से साढ़े आठ लाख रुपये गायब हो गए हैं। इस घटना की सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि बैंक में न तो कोई सेंधमारी हुई, न ही ताले टूटे, फिर भी तिजोरी से कैश साफ हो गया।
रहस्यमयी तरीके से उड़ाए साढ़े आठ लाख
यह मामला साधारण चोरी का नहीं बल्कि किसी मिस्ट्री मूवी जैसा नजर आ रहा है। बैंक मैनेजर किशन सोनी ने जब सुबह बैंक खोला, तो सब कुछ सामान्य था, लेकिन जब कैश की जांच की गई तो 8 लाख 50 हजार रुपये नदारद थे। मौके पर पहुंची पुलिस को न तो मुख्य दरवाजे का ताला टूटा मिला और न ही उस लॉकर को कोई नुकसान पहुंचाया गया था जिसमें पैसे रखे थे। बिना चाबी या पासवर्ड के लॉकर खोलना मुमकिन नहीं है, यही वजह है कि पुलिस अब इंसाइडर जॉब के एंगल पर जांच कर रही है।
एक्शन में पुलिस: डीएसपी ने संभाली कमान
घटना की गंभीरता को देखते हुए मुसाबनी डीएसपी संदीप भगत और कोवाली थाना प्रभारी मुकेश कुमार साव दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने बैंक के भीतर बारीकी से साक्ष्य जुटाए हैं। डीएसपी मुसाबनी संदीप भगत ने कहा कि हमें साढ़े आठ लाख की चोरी की सूचना मिली है। पुलिस हर तकनीकी और मानवीय पहलू की जांच कर रही है। बहुत जल्द इस रहस्य से पर्दा उठा दिया जाएगा और दोषियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
कर्मचारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ
पुलिस ने शक के आधार पर बैंक के सभी कर्मचारियों को हिरासत में लिया है और उन्हें थाने ले जाकर अलग-अलग कमरों में पूछताछ की जा रही है। मैनेजर किशन सोनी ने पुलिस को कैश के स्रोत का पूरा विवरण सौंप दिया है, हालांकि उन्होंने मीडिया के कैमरों से दूरी बनाए रखी।
क्या है नेबफीन्स लिमिटेड?
नेबफीन्स लिमिटेड मुख्य रूप से ग्रामीण इलाकों में महिलाओं को छोटे ऋण उपलब्ध कराती है। वसूली गई किस्तों की बड़ी रकम बैंक में जमा थी, जिसे बीती रात गायब कर दिया गया। स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा का विषय बना हुआ है कि आखिर वो शातिर चोर कौन है जिसके पास बैंक की मास्टर की थी।

